जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्रसंघ चुनाव में मतदान का रिकॉर्ड बेशक दूसरे नंबर पर रहा हो, लेकिन मतगणना में सारे रिकॉर्ड टूट गए हैं।
पहली बार छात्रसंघ चुनाव आयोजित करने की जिम्मेदारी महिला सदस्य यानि इशिता मन्ना को मिली और उन्होंने महज दस दिनों में चुनाव करवा दिए। जो आज तक का सबसे कम समय है।
इशिता के मुताबिक, दस दिनों में चुनाव करवाना कठिन काम था, लेकिन विश्वविद्यालय प्रबंधन से लेकर छात्र संगठनों समेत मतदाताओं ने बहुत सहयोग दिया।
मतदान खत्म होने के बाद रात साढ़े 11 बजे मतगणना शुरू कर दी गई, जो रात दिन चलते हुए सुबह करीब दस बजे खत्म हो गई। अभी तक जेएनयू में नतीजे घोषित होने के लिए दो से चार दिन का समय लगता रहा है।
मतगणना जल्द खत्म करवाने का निर्णय तो ले लिया, लेकिन मतदान अधिक होने से डर था कि कहीं योजना विफल न हो जाए। हालांकि 22 घंटों से भी कम समय में बैलेट बॉक्स से एक-एक वोट की गिनती पूरी करते हुए सारे रिकॉर्ड टूट गए।