नर्सरी दाखिला प्रक्रिया शुरु
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हाईकोर्ट ने नर्सरी दाखिला प्रक्रिया में अभिभावकों को निजी स्कूलों व सरकार (यानि दोनों) द्वारा तय दाखिला नीति के तहत आवेदन फार्म भरने को कहा है। अदालत ने कहा आवेदन प्रक्रिया जारी है, ऐसे में किसी भी अस्पष्टता से बचने के लिए फिलहाल यही एक मात्र रास्ता है।
न्यायमूर्ति मनमोहन ने स्पष्ट किया कि वे यह आदेश इस कारण दे रहे है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि प्रवेश प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न न हो। अदालत ने कहा आवेदन फार्म की जांच उनके अगले आदेश पर आधारित रहेगी। इतना ही नहीं अदालत ने दायर याचिका के आधार पर दिल्ली सरकार के शिक्षा निदेशालय, दिल्ली विकास प्राधिकरण व उपराज्यपाल को नोटिस जारी कर 17 जनवरी तक जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है।
अदालत ने अब मामले की सुनवाई 19 जनवरी तय की है। अदालत ने नर्सरी में दाखिला लेने वाले बच्चों के अभिभावकों को कहा कि वे किसी भी अस्पष्टता से बचने के लिए निर्धारित प्रारूप में में आवेदन फार्म भरे। इसके अलावा 7 जनवरी को दूरी के आधार पर तय मानदंड का भी उल्लेख करें।
निजी स्कूलों व अभिभावकों ने दायर चार याचिकाओं में तर्क रखा है कि दिल्ली सरकार ने सरकार से सस्ती भूमि लेने वाले स्कूलों के लिए नेबरहुड स्कीम के तहत दाखिले देने के लिए जारी दिशा निर्देश गलत तरीके से जारी किए है। वहीं अभिभावकों का भी तर्क है कि स्कूल चुनना उनका अधिकार है और यदि ऐसा नहीं किया गया तो बच्चों के मौलिक अधिकारों का हनन होगा।
स्कूलों ने डीडीए द्वारा सस्ती दरों पर भूमि आवंटन शर्तो को रद्द करने का आग्रह किया है। चार याचिकाओं में 19 दिसंबर 2016 व 7 जनवरी 2017 को दाखिलों के लिए दिशा निर्देश तय करने के संबंध में जारी सर्कुलर को चुनौती दी है।