दिल्ली में नर्सरी दाखिले की रेस शुरू हो चुकी है। दाखिले के लिए सौ अंकों के फॉर्मूले में मनमाने मानकों को रख स्कूलों की मनमानी जारी है। जहां कुछ स्कूलों ने दूरी (नेबरहुड) को ही सारे अंक दे डाले हैं तो कुछ ने सौ अंकों के फॉर्मूले को 340 अंकों में बांट दिया है।
वहीं पहले आओ पहले पाओ को मानक बनाकर अंक दे रहे हैं जबकि ऐसे मानकों को शामिल नहीं किया जा सकता है। स्वरुप नगर स्थित ऑस्कर पब्लिक स्कूल ने सौ अंकों के फॉर्मूले की जगह 340 अंकों का फॉर्मूला रखा है। आश्चर्य की बात यह है कि इस फॉर्मूले में स्कूल ने केवल नेबरहुड (दूरी) मानक को ही जगह दी है।
दूरी को ही अलग-अलग हिस्सों में बांट कर अंक दे दिए हैं। स्कूल ने दूरी के तहत 0-3 किलोमीटर केअंतर्गत रहने वाले अभिभावकों को 100, 3.1-5 किलोमीटर के अंतर्गत रहने वाले बच्चों के लिए 90, 5.1-7 किलोमीटर के लिए 80 और 7.1-10 किलोमीटर वालों केलिए 70 अंक तय कर दिए हैं।
स्कूल ने दूरी मानक को तीन अलग-अलग हिस्सों में बांट दिया है
नर्सरी दाखिला प्रक्रिया शुरु
इस तरह से स्कूल ने एक ही मानक को 340 अंकों में बांट दिया है। इसी तरह से शक्ति नगर स्थित रविंद्रा पब्लिक स्कूल 100 अंकों की जगह 185 अंकों का फॉर्मूला बनाया है।
स्कूल ने दूरी मानक को तीन अलग-अलग हिस्सों में बांट दिया है। जैसे 0-1 किलोमीटर वालों के लिए 50 अंक, 1-3 किमी वालों केलिए 45 अंक, 3 से अधिक वालों के लिए 40 अंक निर्धारित किए हैं।
हालांकि अभिभावकों के लिए राहत की बात यह है कि स्कूल ने सिबलिंग, एलुमिनी, कन्या व सैन्यकर्मियों के बच्चों के लिए भी अंक निर्धारित किए हैं। यमुना बाजार स्थित स्वामी हरीहरानंद पब्लिक स्कूल व संत नगर स्थित माउंट ओलीवेट स्कूल ने अपने दाखिले फॉर्मूले में पहले आओ पहले पाओ मानक को शामिल किया है। जहां हरीहरानंद स्कूल ने इस मानक के लिए 100 अंक निर्धारित किए हैं वहीं माउंट ओलीवेट स्कूल ने इसके लिए 50 अंक तय किए हैं।
स्कूल ने बच्चे के प्रदर्शन को भी एक मानक बनाया है, जिसके लिए 40 अंक तय किए हैं। इस तरह से स्कूल सीधे-सीधे बच्चे की स्क्रीनिंग कर रहे हैं, जिसकी सरकार ने मनाही की है।
एडमिशन नर्सरी डॉट कॉम प्रमुख सुमित वोहरा का कहना है कि जिस तरह से स्कूल मनमानी कर रहे हैं वह हैरान कर रहा है शिक्षा निदेशालय को स्कूलों की इस मनमानी पर रोक लगानी चाहिए। पहले आओ पहले पाओ मानक को स्कूल इस तरह से शामिल कर रहे रहैं जिस तरह से होटल बुकिंग हो रही हो। यह निदेशालय के दिशा-निर्देशों की अनदेखी हो रही है।