अब जल्द ही शहर में स्मार्ट सिटी के लाइफ प्रोजेक्ट की शुरुआत होने जा रही है। इसके लिए सोमवार को मिनिस्ट्री ऑफ अर्बन डेवलपमेंट (भारत सरकार) और नगर निगम की टीमें मानव रचना कैंपस पहुंची। टीमों ने यहां के विद्यार्थियों के साथ पहले चरण की योजना को साझा किया।
इस चरण में सर्वे के आधार पर आगे के प्लान तैयार किए जाएंगे। इस मौके पर मिनिस्ट्री ऑफ अर्बन डेवलपमेंट की ओर से मुनीश पंडित, निगम के एसई डीआर भास्कर, डिपार्टमेंट ऑफ बायोटैक की एचओडी सरिता सचदेवा, डिपार्टमेंट ऑफ प्लानिंग एंड आर्किटेक्चर की डीन डॉ. अंजली कृष्णनन शर्मा व प्रोफेसर डिजाइन चेयर जितेंद्र सहगल मौजूद रहे।
स्मार्ट सिटी के नोडल अधिकारी डीआर भास्कर ने बताया कि पहले चरण में सर्वे का काम किया जाएगा। इसके लिए छह अलग-अलग प्रोजेक्ट के लिए टीमों का गठन किया जा रहा है। मानव रचना के विद्यार्थियों की बनाई गई यह छह टीमें प्रोजेक्ट पर सर्वे करेंगी।
पहली टीम ओल्ड फरीदाबाद के रेलवे स्टेशन व मेट्रो स्टेशन के आस पास में किए जाने वाले विकास पर सर्वे करेंगी। वहीं दूसरी टीम पुराने बराही तालाब में किए जाने वाले विकास के बारे में रिपोर्ट तैयार करेगी। तीसरी व चौथी टीम बड़खल झील के आस पास फारेस्ट सिटी व बॉयो डायवर्सिटी पार्क बनाने के लिए सर्वे करेगी।
इसके साथ सेक्टर-21ए व 21डी और सेक्टर-19 व 28 की डिवाइडिंग रोड पर लगने वाले जाम व ट्रैफिक को कम करने के लिए सर्वे कराया जाएगा। भास्कर ने बताया कि सर्वे को भारत सरकार के वेब पोर्टल पर डाला जाएगा और आम जन से इस पर सुझाव मांगे जाएंगे। इसके बाद डिजाइन तैयार किया जाएगा। उन्होंने बताया कि छह टीमें चार दिन में सर्वे रिपोर्ट प्रस्तुत करेंगी।