दिल्ली विश्वविद्यालय में शिक्षण सत्र 2016-17 में खाली पड़ी सीटों को भरने के लिए शनिवार से फिर दाखिला प्रक्रिया शुरू हो रही है। यह प्रक्रिया 30 अगस्त तक चलेगी।
दाखिले छात्रों को तीन अलग-अलग कटऑफ के आधार पर दिया जाएगा। हालांकि इस बार उन्हीं छात्रों को मौका मिलेगा, जिन्होंने इससे पहले खाली सीटों के लिए दो चरणों में हुए दाखिले के लिए पंजीकरण कराया था।
नए आवेदकों के लिए अब डीयू में दाखिले का मौका नहीं है। डीयू में दाखिले का यह अंतिम दौर है, जो तीन दाखिला सूची के जरिये पूरा होगा। इसका पहला चरण पहली कट ऑफ के साथ शनिवार से शुरू हो रहा है और सोमवार तक चलेगा।
डीयू के डिप्टी डीन छात्र, कल्याण डॉ. गुरप्रीत सिंह टुटेजा के मुताबिक, अब दाखिला अंतिम दौर है। यह प्रक्रिया तीन चरण में 30 अगस्त तक चलेगी लेकिन छात्रों को सलाह है कि चाहे पहली बार दाखिले का अवसर मिला हो या फिर कही से रद्द कराके दूसरी जगह दाखिला ले रहे तो वह एहतियात बरते।
क्योंकि किसी भी गलती को सुधारने का मौका नहीं मिलेगा। उनके मुताबिक यदि किसी कॉलेज में आवेदक को चांस मिल रहा है और उसने पहले से कही दाखिला लिया है तो उसे रद्द कराने से पहले जहां मौका मिला है वहां जाकर पहले औपचारिकताएं समझ ले।
क्योंकि एक बार दाखिला रद्द हुआ दूसरी जगह भी कोई दिक्कत आई तो दोबारा मौका नहीं मिलेगा। आर्यभट्ट कॉलेज के प्राचार्य डॉ. मनोज के मुताबिक कई कॉलेजों में सामान्य वर्ग के लिए मौका है।
उन्होंने बताया कि उनके कॉलेज में सामान्य श्रेणी के लिए दो पाठ्यक्रम में ही सीटें बची है जबकि ओबीसी, अनुसूचित जाति -जनजाति व कश्मीर विस्थापित श्रेणी विभिन्न कोर्सेज में सीटें अभी भी शेष है।
सामान्य श्रेणी के लिए हमारे यहां राजनीति विज्ञान ऑनर्स और बीकॉम पास में सीटें खाली है और उम्मीद है कि दाखिले के इस अंतिम दौर में यह सीटें भी भर जाएगी।