इंस्टीट्यूट ऑफ मैंनेजमेंट स्टडीज (आईएमएस) नोएडा के सामुदायिक रेडियो (सलाम नमस्ते) में शुक्रवार को बुधिया सिंह फिल्म के संगीत निदेशक सिद्धांत माथुर ने छात्र-छात्राओं को संगीत में करियर के टिप्स दिए।
उन्होंने कहा कि संगीत सींखने की कोई उम्र नहीं होती है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में संगीत में राजेगार के काफी विकल्प हैं।
उन्होंने छात्र-छात्राओं को बताया कि फिल्म जगत में संगीत करियर के रूप में उभर रहा है।
हर उम्र के व्यक्ति को संगीत चाहिए भले ही वह बालक हो या बूढ़ा। उन्होंने कहा कि संगीत की नई-नई ध्ुानों को इजाद करना यह कला ते है ही साथ ही एक शिक्षा भी है।
माथुर ने कहा कि वास्तविक घटनाओं पर आधारित फिल्म में संगीत की प्रधानता होती है, संगीत कथापात्र के संदेश एवं कहानी के मर्म को दर्शकों के दिल से जोड़ने का काम करती है।
उन्हाेंने बुधिया सिंह की चर्चा करते हुए कहा कि इस फिल्म के संगीत को उमंग, जोश एवं लक्ष्य जैसी सभी प्रकार के भावनात्मक पक्ष को संगीत के माध्यम से ही फिल्म में दर्शाया गया।
इस मौके पर सलाम नमस्ते स्टेशन हेड बर्षा छबारिया ने युवाओं से बुधिया सिंह के किरदार से सबक लेने की अपील की है।