केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड की दसवीं-बारहवीं की परीक्षाएं पांच मार्च से शुरू होने जा रही है। दसवीं व बारहवीं परीक्षाओं में इस बार लगभग, 28 लाख, 24 हजार 734 छात्र पंजीकृत हुए हैं। यह बीते साल से अधिक है। बीते साल 27 लाख 66 हजार 860 छात्र पंजीकृत हुए थे। सीबीएसई ने बड़े स्तर पर होने वाली इस परीक्षा के सफल संचालन की पूरी तैयारी कर ली है। नकल रोकने के लिए भी बोर्ड ने पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
बोर्ड की परीक्षाओं में इस बार बारहवीं में 11,86,306 छात्र परीक्षा देंगे जबकि दसवीं की परीक्षा में इस बार कुल 16 लाख 38 हजार 428 छात्र पंजीकृत हुए है। देशभर में दोनों परीक्षाओं के लिए 29, 092 स्कूल में कुल 8,591 सेंटर बनाए गए हैं। दिल्ली में दोनों परीक्षाओं के लिए कुल 1477 सेंटर बनाए हैं।
दिल्ली में निजी स्कूलों से दसवीं की परीक्षा के लिए 11,0707 व सरकारी व सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों से 15,5387 विद्यार्थी पंजीकृत हुए हैं। जबकि बारहवीं के लिए निजी स्कूलों से 10, 5351, सरकारी व सरकारी सहायता प्राप्त स्कूलों से 12, 9647 विद्यार्थी परीक्षा देंगे।
बोर्ड ने परीक्षाओं के सफल संचालन के लिए परीक्षा केंद्रों पर पर्याप्त इंतजाम किए हैं। बोर्ड की संवेदनशील केंद्रों पर खास निगरानी रहेगी। वहीं बीते साल की तरह ही मधुमेह टाइप-1 से पीड़ित छात्र शुगर टैबलेट, चॉकलेट, कैंडी, केला, संतरा, सेब, सेडविंच, पानी की छोटी बोतल ले जा सकेंगे।
हालांकि इन खाद्य वस्तुओं को ले जाने के लिए इन छात्रों को मधुमेह विशेषज्ञ से मधुमेह के इतिहास, मधुमेह की प्रकृति, व परीक्षा के दौरान नाश्ते की जरूरत को प्रमाणपत्र के साथ प्रिंसिपल के माध्यम से प्रस्तुुत करना होगा।