दक्षिण जिले के स्पेशल स्टाफ ने रॉयल एनफील्ड बुलेट मोटरसाइकिल चुराने वाले गिरोह का पर्दाफाश कर गिरोह के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपी सिर्फ बुलेट मोटरसाइकिल ही चुराते थे और बुलेट में भी रॉयल एनफील्ड ही चुराते थे। चोरी की मोटरसाइकिल बिकवाने वाले ने तिहाड़ जेल से मैसेज भिजवाया था वह बुलेट मोटरसाइकिल चुराते रहे वह जेल से बाहर आकर बिकवा देगा।
आरोपी महिला दोस्त को प्रभावित करने व रॉयल एनफील्ड के महंगे दामों पर बिकने के कारण ही चुराते थे। सीसीटीवी फुटेज के चलते आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़़े हैं।
दक्षिण जिला डीसीपी अतुल कुमार ठाकुर के अनुसार संगम विहार इलाके में बुलेट मोटरसाइकिल चुराने की वारदात हुई थी। घटनास्थल की सीसीटीवी फुटेज को खंगाला तो पता लगा कि दो युवक घटनास्थल के पास संदिग्ध हालत में घूम रहे हैं। स्पेशल स्टाफ में तैनात एसआई राहुल महाजन को नौ अगस्त को सूचना मिली थी कि दो वाहन चोर बांध रोड, नेबसराय में कूड़ेघर के पास आएंगे।
इंस्पेक्टर गिरीश कुमार की देखरेख में एसआई राहुल कुमार और एएसआई अनिल ने घेराबदी की और बुलेट मोटरसाइकिल पर घूम रहे दो वाहन चोर तिगड़ी निवासी विशाल(23) व संगम विहार निवासी गौतम(19) को पकड़ लिया। इनके कब्जे से चोरी की छह और रॉलय एनफील्ड मोटरसाइकिल बरामद की गईं।
गौतम पेश से मोटर मेकेनिक है। वह बिना चाबी के ही बुलेट मोटरसाइकिल को मिनटों में चुरा लेता था। चोरी की मोटरसाइकिल को ये संगम विहार निवासी अमित सिंह उर्फ गब्बर के जरिए बेचते थे। अमित सिंह 18 जुलाई, 20 को गिरफ्तार हो गया था।
अमित ने इनको तिहाड़ जेल से मैसेज भिजवाया था कि वह मोरसाइकिल चुराते रहे। वह जल्द ही जेल से बाहर आकर बिकवा देगा। चोरी की दूसरी मोटरसाइकिल 10 से 15 हजार में बिकती है, जबकि बुलेट 25 से 30 हजार में बिकती है। इसलिए ये बुलेट चुराते थे।