बाइक सवार बदमाशों ने ऋषि मार्केट कॉलोनी में बुधवार सुबह दुकान की सफाई कर रहे वैद्य की ताबड़तोड़ गोली मार कर हत्या कर दी। वैद्य के पेट में तीन गोली लगी। भागते समय इलाके में दहशत फैलाने को बदमाशों ने हवाई फायरिंग भी की। गोली की आवाज सुनकर मौके पर पहुंचे परिजन और लोगों ने घायल अवस्था में वैद्य को दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां पर उपचार के दौरान वैद्य की मौत हो गई। पुलिस को मौके से खाली कारतूस मिले हैं। परिजनों ने दो से चार नामजद समेत पांच बदमाशों के खिलाफ शिकायत दी है।
गिरी मार्केट कॉलोनी में वीरसिंह वैद्य (42) पत्नी मंजू दो लड़की और तीन लड़कों के साथ रहते थे। उनके बड़े भाई विजय पाल बसपा नेता और नगरपालिका में ठेकेदार हैं। वीर सिंह का घर के पास ही ऋषि मार्केट में वीर सिंह वैद्य नाम से क्लीनिक है। वह रोजाना सुबह क्लीनिक खोलकर सफाई करते थे और वापस घर आते थे। वह बुधवार को सुबह आठ बजे क्लीनिक खोलने पहुंचे।
वह दुकान की सफाई कर रहे थे कि तभी एक बाइक पर तीन बदमाश आए। बाइक पर से एक बदमाश दुकान में घुसा। जबकि दो बदमाश बाहर बाइक स्टार्ट किए खड़े रहे। एक बदमाश ने दुकान में घुसते ही उन पर तीन राउंड फायरिंग कर दी। उनके पेट में तीनों गोली लगी। गोली की आवाज सुनकर आसपास के लोग घरों से बाहर निकले। लोगों को आता देख बदमाश हवा में दो राउंड फारिंग करते हुए मौके से फरार हो गए।
हत्याकांड से इलाके में हड़कंप मच गया। लोगों ने परिजनों को मामले की जानकारी दी। जिसके बाद घायल अवस्था में वैद्य को दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां पर उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
कोतवाली एसएचओ संजय वर्मा ने बताया कि परिजनों ने दो से चार नामजद समेत पांच बदमाशों के खिलाफ शिकायत दी है। जांच में सामने आया है कि पूरी योजना के साथ बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया है। बाइक के साथ ही कुछ बदमाश पैदल भी घटना के आसपास थे। पुलिस ने बदमाशों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। पुलिस बदमाशों की तलाश कर रही है। एसएचओ संजय वर्मा ने बताया कि मामला आपसी रंजिशन का लग रहा है।
किराएदार ने खून से लथपथ देख परिजनों को सूचना दी
वीर सिंह वैद्य का एक मकान ऋषि मार्केट कॉलोनी में है। मकान के बाहर दो दुकानें हैं। दोनों दुकानों का रास्ता अंदर से भी है। मकान के अंदर तीन और कमरे हैं। दो कमरों को उसने एक परिवार को किराए पर दे रखा था। घटना के दौरान किराएदार पप्पू, पत्नी शीला, एक लड़का और दो लड़की अपने कमरों में थीं। किराएदार के अनुसार तीन गली चलने की आवाज सुनकर सभी लोग भयभीत हो गए। उन्होंने वैद्य की दुकान में झांक कर कर देखा तो वैद्य खून से लथपथ जमीन में पड़े हुए थे। इसके बाद वह उनके घर गोली लगने की सूचना देने पहुंचे। फिर परिवार के लोग वहां पहुंचे और अस्पताल लेकर गए।
रेकी कर दिया घटना को अंजाम
जानकारी के अनुसार मूलरूप से थलीया अर्सफाबाद बड़ौत के रहने वाले वीर सिंह 30 साल पहले ही गिरी मार्केट कॉलोनी में रहने आए थे। जिसके कुछ सालों बाद उन्होंने क्लीनिक खोला था। जहां वह हड्डी, नसें, घुटने का दर्द समेत अन्य बीमारियों का इलाज करते थे। क्लीनिक पर साढ़े आठ बजे से मरीजों का तांता लग जाता था। वह नौ बजे क्लीनिक पर आते थे और मरीजों को देखते थे। आशंका जताई जा रही है कि बदमाश वैद्य के आने और जाने का समय जानते थे।
तीन साल पहले बीमारी के चलते पहली पत्नी की मौत हो गई थी
वीर सिंह वैद्य की मंजू दूसरी पत्नी है। करीब तीन साल पहले उनकी पहली पत्नी की बीमारी के चलते मौत हो गई थी। इसके बाद उन्होंने मीतनगर में रहने वाली मंजू से शादी की थी। पहली पत्नी से उनके चार बच्चे हैं। वही दूसरी पत्नी मंजू का एक आठ साल बेटा है।
एसएसपी ने किया मुआयना
वैध को गोली लगने की सूचना पर एसएसपी उपेंद्र कुमार अग्रवाल घटना स्थल पर पहुंचे। उन्होंने मौके का मुआयना किया। जल्द आरोपियों को गिरफ्तार करने की बात कही। वहीं घटना के बाद पुलिस को वहां से चार से पांच खाली कारतूस मिले हैं।