महायज्ञ में श्रद्धालुओं ने लिया भाग
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भगवद्गीता भगवान श्रीकृष्ण द्वारा दिया गया उपदेश केवल अर्जुन मात्र के लिए नहीं, बल्कि पूरे जनसमाज के लिए है। इसे जगद्गुरू श्रीप्रभुपाद ने यथारूप में पेश किया और उनके अनुयायी आज भी इस ग्रंथ को जगह-जगह पहुंचाने के लिए कार्यरत हैं।
मोक्षदा एकादशी को गीता जयंती के रूप में मनाया जाता है। शुक्रवार को इस उपलक्ष्य में लैंडक्राफ्ट गोल्फलिंक्स में भगवद्गीता महायज्ञ के भव्य समारोह का आयोजन किया गया। बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने इस यज्ञ में आकर हिस्सा लिया। लगभग 5500 साल पुराने इस साहित्य को फिर से श्लोक सहित पढ़कर यज्ञ में आहूति दी गई।
गाजियाबाद की जानीमानी हस्तियों ने इस कार्यक्रम में शिरकत की। गोविंद मोहन दास ने आज के समय में गीता क्यों उपयोगी है, इसका फायदा बताया और लोगों को नित्य गीता पढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि भगवद्गीता इंसान की जिंदगी का मैन्युअल है।
इसे पढ़कर हम बेहतर जीवन जीना सीख सकते हैं। उन्होंने बताया कि गीता पढ़ना रिटायरमेंट का कार्य नहीं है। बल्कि इसे हमेशा पढ़ना चाहिए। सभी श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक इस ग्रंथ को अपने जीवन में उतारने का निश्चय किया।