गर्मी का पारा चढ़ने से आवारा कुत्ते और बंदर लोगों के लिए परेशानी बन गए हैं। हर दिन करीब सौ लोग कुत्ते और बंदर के शिकार हो रहे हैं। इस महीने अभी तक साढ़े चार सौ लोग सिविल अस्पताल में एंटी रेबीज इंजेक्शन ले चुके हैं।
कुत्ते काटने के मामले आदर्श नगर, प्रताप नगर, सुभाष नगर, मोहयल कॉलोनी, झाड़सा, आचार्यपूरी इलाके से ज्यादा हैं। जबकि, बंदर काटने के मामले वजीराबाद, डीएलएफ, साहपुर, सेक्टर-43 से अधिक हैं। डीएलएफ स्थित एक वेटरिनरी अस्पताल के वेट सर्जन डॉ. अमित गुप्ता बताते है कि गर्मी के दिनों में कुत्ते ज्यादा चिड़चिड़े हो जाते हैं।
जिसकी वजह से इन दिनों ज्यादा रिएक्ट करते हैं। घरेलु कुत्तों में पोमेरियन, चोचो और जैपनीज स्पिट्ज नस्ल के कुत्ते इस मौसम में ज्यादा खतरनाक हो जाते हैं।