दिल्ली विधानसभा भंग करने की अर्जी राष्ट्रपति भवन पहुंचने वाली है। बृहस्पतिवार को आम आदमी पार्टी (आप) संयोजक अरविंद केजरीवाल अपनी पार्टी के सभी विधायकों को साथ लेकर राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से मुलाकात करेंगे।
इस मुलाकात में वे दिल्ली विधानसभा भंग करने की मांग करेंगे। साथ ही पार्टी विधायकों को मिल रही धमकियों की भी शिकायत करेंगे।
पार्टी सूत्रों के मुताबिक, केजरीवाल पार्टी के सभी 27 विधायकों के साथ बृहस्पतिवार शाम 6:30 बजे राष्ट्रपति भवन जाएंगें।
राष्ट्रपति के सामने रखे जाऐंगे ये मुद्दे
दिल्ली के मौजूदा सियासी माहौल पर चर्चा करने के साथ उनकी पहली मांग दिल्ली विधानसभा भंग करने की होगी। इस दौरान पार्टी विधायक भाजपा की तरफ से हो रही खरीद-फरोख्त की कोशिशों पर भी चर्चा करेंगे।
मंगलवार शाम विधायक वंदना कुमारी को मिली धमकी का जिक्र राष्ट्रपति के सामने किया जाएगा। सूत्रों के मुताबिक पार्टी मुखिया की कोशिश होगी कि राष्ट्रपति को यह भरोसा दिला सकें कि दिल्ली के मौजूदा सियासी समीकरण में कोई भी दल सरकार बनाने की हालत में नहीं है।
लंबे समय तक विधानसभा निलंबित रखी गई तो खरीद-फरोख्त को बढ़ावा मिलेगा। लिहाजा विधानसभा भंग करके नए चुनाव कराने की मांग राष्ट्रपति से की जाएगी।
ई-रिक्शा चालकों से मिले केजरीवाल
बुधवार शाम को अरविंद केजरीवाल ने शास्त्री पार्क से भजनपुरा के बीच ई-रिक्शा चालकों से संपर्क किया। शास्त्री पार्क स्थित मंदिर से उन्होंने रोड शो की शुरुआत की। केजरीवाल खुली जीप पर सवार थे।
इनका काफिला शास्त्री पार्क, खजूरी चौक होता हुआ भजनपुरा चौक तक पहुंचा। रास्ते भर रिक्शा चालकों से केजरीवाल ने बात की। बाद में लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि दिल्ली में भाजपा जोड़-तोड़ की राजनीति को बढ़ावा दे रही है।
दिल्ली में नए चुनाव होने पर ‘आप’ की सरकार बनेगी। इसके बाद ई-रिक्शा के लिए सही तरीके से गाइडलाइन बनेगी। इससे किसी चालक को कोई परेशानी होगी।