फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

निजी स्कूलों की मनमानी फीस वृदि्ध पर लगेगी लगाम : सीएम

विज्ञापन
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

नई दिल्ली। निजी स्कूलों की फीस वृद्धि की मनमानी रोकने के लिए बने दिल्ली स्कूल शिक्षा पारदर्शिता निर्धारण और फीस विनियमन विधेयक को लेकर अभिभावकों ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और शिक्षा मंत्री आशीष सूद का आभार व्यक्त किया। संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री ने अभिभावकों को भरोसा दिलाया कि स्कूलों में पढ़ने वाले किसी भी बच्चे के साथ नाइंसाफी नहीं होने देंगे। अगर किसी छात्र और अभिभावक को कोई स्कूल फीस के संबंध में प्रताड़ित करता है तो वह सीधे शिकायत कर सकता है।
दो महीने के अंदर बिल का मसौदा किया तैयार : अभिभावकों से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली सरकार का यह विधेयक एतिहासिक और निर्णायक कदम है। पिछले 27 सालों से दिल्ली के अभिभावकों के साथ निजी स्कूल मनमानी फीस बढ़ाकर अन्याय कर रहे थे। निजी स्कूल मनमाने ढंग से फीस बढ़ाते रहे और पिछली सरकारों के पास ऐसा कोई स्पष्ट कानून या दिशा-निर्देश ही नहीं था, जिससे मनमानी फीस पर लगाम लगाई जा सके। जब अभिभावकों की आवाज सरकार तक पहुंची, तब हमने इस बात को बड़ी गंभीरता से लिया। दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी की सरकार के सत्ता में आने के मात्र दो महीने के अंदर शिक्षा मंत्री के नेतृत्व में एक मजबूत और न्यायसंगत अधिनियम का मसौदा तैयार किया गया।
विज्ञापन

65 सीएमश्री स्कूल भी हो रहे तैयार : मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भरोसा दिलाया कि दिल्ली सरकार जो नए 65 सीएमश्री स्कूल बनाने जा रही है। भविष्य में वह सरकारी स्कूल इतने बेहतर और आधुनिक शिक्षा व्यवस्था देने में सक्षम होंगे कि लोग निजी स्कूलों को छोड़कर दिल्ली सरकार के सरकारी स्कूलों में अपने बच्चों को दाखिला दिलाने को प्राथमिकता देंगे।
विधेयक को जल्द विधानसभा सत्र में करेंगे पास : मुख्यमंत्री ने कहा कि जल्द ही विधानसभा का सत्र बुलाकर इस विधेयक को पाारित किया जाएगा। इसके लागू होने से अभिभावकों को मनमानी फीस बढ़ोतरी से मुक्ति मिल जाएगी। शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि सरकार ने मात्र दो महीने में मजबूत इच्छाशक्ति का परिचय देते हुए विधेयक लेकर आई है। जबकि पिछली सरकारों विशेष रूप से आम आदमी पार्टी की सरकार ने शिक्षा को सिर्फ एक राजनीतिक मंच और बच्चों और अभिभावकों को लूट का जरिया बना रखा था। उन्होंने कभी फीस नियंत्रण की दिशा में कोई ठोस पहल नहीं की।
कानून पास होने पर एक अप्रैल से होगा प्रभावी : शिक्षा मंत्री ने कहा कि नए विधेयक के विधानसभा में पास होने पर यह कानून बन जाएगा जो शिक्षा के क्षेत्र में बड़ा बदलाव होगा। यह विधेयक कानून बनने के बाद दिल्ली के सभी 1677 निजी स्कूलों पर एक अप्रैल 2025 से प्रभावी माना जाएगा।
विज्ञापन

सरकार ने दिखाई राजनीतिक इच्छाशक्ति : शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने कहा कि डीपीएस में पढ़ने वाले छात्रों के अभिभावकों ने हमें बताया कि फीस वृद्धि को लेकर 2020 से संघर्ष कर रहे थे। दिल्ली के पूर्व सीएम से लेकर शिक्षा मंत्री तक शिकायत की गई थी। कहीं भी कोई सुनवाई नहीं हुई। मगर, जैसे ही हमारी सरकार आई तो मुख्यमंत्री ने एक कमेटी बनाई और कार्रवाई की।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें