दिल्ली के नरेला इंडस्ट्रियल एरिया स्थित जूता-चप्पल फैक्टरी में हुए हादसे में झुलसे एक और लड़के ने इलाज के दौरान सफदरजंग अस्पताल में दम तोड़ दिया। मृतक की शिनाख्त समीर (17) के रूप में हुई है। पुलिस ने मृतक का शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मोर्चरी भेज दिया है। आग में मरने वाली की संख्या अब तीन हो गई है।
इस मामले में पुलिस ने फैक्टरी मालिक साहिल गर्ग और ठेकेदार वासुदेव के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मामला दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। पुलिस ने बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद सोनू ठाकुर और अंकित कुमार का शव परिवार के हवाले कर दिया है।
बाहरी-उत्तरी जिला के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि मंगलवार हुए हादसे में दो लोगों की मौत हो गई थी, जबकि 18 लोग झुलस गए थे। इनमें 10 लोगों को सफदरजंग अस्पताल और 8 को आरएमएल अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इलाज के दौरान मंगलवार देर रात को समीर नामक लड़के ने दम तोड़ दिया। समीर परिवार के साथ नरेला इंडस्ट्रियल एरिया में रहता था। इसके परिवार में पिता असलम व अन्य सदस्य हैं।
बाकी अस्पताल में भर्ती अन्य लोगों में करीब 10 लोगों की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। यह सभी 40 फीसदी से अधिक झुलसे हैं। मामले की जांच कर रहे एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि अभी तक की जांच में सामने आया है कि जूता बनाने वाली मशीन की केबल फटने से उसमें चिंगारी निकली थी, जो पास में केमिकल के ड्रम पर गिरी और अचानक तेजी से आग फैल गई।