ट्रेन यात्रियों के गहने और नगदी चुराने वाले दो चोरों को जीआरपी ने गिरफ्तार किया है। हाल ही में इन्होंने लखनऊ मेल से एक प्राइवेट बैंक मैनेजर के पिता के बैग से जेवर और नगदी चुराई थी। पुलिस ने इनके पास से करीब दो लाख रुपये के जेवर और नगदी बरामद की है।
सीओ जीआरपी प्रीति बाला गुप्ता ने बताया कि आलम नगर लखनऊ निवासी विनोद महाजन का बेटा नोएडा स्थित एक मल्टीनेशनल बैंक में मैनेजर है। कुछ दिन पूर्व वह लखनऊ मेल से गाजियाबाद आए थे।
इसी दौरान उनके बैग से गहने और नगदी चोरों ने चुरा ली थी। शनिवार को वह जीआरपी थाने में सूचना देने आ रहे थे, इसी बीच दो युवकों को देखकर महाजन को याद आया कि दोनों वारदात वाले दिन उनके कोच में ही घूम रहे थे। महाजन ने शोर मचाया तो जीआरपी जवानों ने उन्हें पकड़ लिया।
इंस्पेक्टर जीआरपी विनोद कुमार सिरोही ने बताया कि पकड़े गए युवक राजीव निवासी भटोल, हरियाणा और सुनील औरंगनगर भिवानी का रहने वाला है। दोनों बदमाश श्रमजीवी, फैजाबाद समेत कई ट्रेनों में वारदातें कर चुके हैं।
ऐसे करते थे वारदात
एसएसआई जीआरपी पंकज लवानिया ने बताया कि दूर के रिश्ते के दोनों भाई राजीव और सुनील ट्रेन के अंतिम स्टॉप से करीब 40-50 किलोमीटर पहले से ट्रेन में सवार हो जाते थे और यात्रियों को वॉच करते थे। यात्री जब अपने स्टेशन पर उतरते तो खिड़की पर इनके साथी भीड़ करके रास्ता रोक देते और उसी अफरातफरी में ये तेजी से बैग खोलकर जेवर निकाल लेते।
बाप नंबरी, बेटा दस नंबरी
जीआरपी अधिकारियों का कहना है कि सुनील का पिता सत्यभान भी ट्रेनों में चोरियां करता है।