उत्तर-पूर्वी दिल्ली की मंडोली जेल में मंगलवार देर रात एक विचाराधीन संतोष कमल (24) कैदी ने फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। मंगलवार को उसका शव जेल के बाथरूम में गमछे से लटका मिला। बाकी कैदियों ने उसे फंदे पर लटका देखा तो फौरन मामले की सूचना जेल प्रशासन को दी गई। बाद में मामले की सूचना लोकल पुलिस को दी गई।
हर्ष विहार थाना पुलिस ने संतोष कमल का शव कब्जे में लेकर जीटीबी अस्पताल की मोर्चरी भेज दिया है। फिलहाल शुरुआती जांच के बाद पुलिस को मृतक के पास से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। परिजनों ने संतोष की मौत की सही से जांच करने की मांग की है। पुलिस बाकी कैदियों से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
बृहस्पतिवार को ही संतोष के मामले की कड़कड़डूमा कोर्ट में सुनवाई थी। उम्मीद की जा रही थी कि संतोष बरी हो जाएगा। इसे लेकर वह काफी खुश भी था। अब उसके इस कदम से सभी हैरान हैं। पुलिस ने आत्महत्या की जांच के लिए मेडिकल बोर्ड के गठन की सिफारिश की है। मेडिकल बोर्ड शव का पोस्टमार्टम कर मौत की वजहों का लगाएगा।
पुलिस के मुताबिक संतोष परिवार के साथ उस्मानपुर इलाके में रहता था। एक मामले में वह पिछले करीब चार साल से जेल में बंद था। फिलहाल जेल प्रशासन ने उसे जेल संख्या-13 में रखा हुआ था। जेल में अन्य मामले में संतोष का सगा चाचा तिलक सिंह उम्रकैद की सजा काट रहा है। परिजनों को मंगलवार रात संतोष के फंदा लगाने की सूचना मिली। परिजनों को समझ नहीं आ रहा है कि संतोष ने ऐसा कदम क्यों उठाया।