सेक्टर- 19 में रहने वाले संजय बाली अपने तीन दोस्तों के साथ 9 जुलाई को अमरनाथ यात्रा पर गए थे। वहां के हालात इतने खराब हैं कि उन्हें रात में हेलीकॉप्टर से यात्रा पूरी करनी पड़ी।
दिन के उजाले में वे कश्मीर को देख तक नहीं पाए। घाटी के हालात को देखते हुए इन चारों दोस्तों को दिन भर का समय होटल में ही गुजारना पड़ा। गाड़ी तक होटल से बाहर नहीं निकाल पा रहे थे।
गाड़ी देखते ही लोग पत्थर मार रहे थे। बड़ी संख्या में भक्त वापस भी लौट रहे हैं। संजय बाली, पुनीत शुक्ला, धर्मेंद्र चौहान और भव्य वैद्य जब नोएडा से अमरनाथ यात्रा पर निकले थे, तो इन्हें नहीं पता था कि वहां जाकर ये हालात हो जाएंगे।
तीन हजार की जगह दिए 10,000 रुपये
संजय ने बताया कि जब हम वहां पहुंचे, तो कर्फ्यू लगा हुआ था। होटल से बाहर निकलने तक के लिए मना कर दिया गया था, लेकिन इतनी दूर गए थे तो दर्शन करना ही था।
हम लोगों ने रात को श्रीनगर से बालटाल के लिए गाड़ी ली। चालक ने वहां जाने के लिए 8000 रुपये लिए, जबकि आम दिनों में 3000 रुपये में गाड़ी चली जाती है। वहां से हेलीकॉप्टर से ऊपर गए और दर्शन किए।
10 जुलाई की रात को दर्शन करके वापस बालटाल पहुंचे, लेकिन वहां से होटल आने के लिए कोई चालक तैयार नहीं था। देर रात करीब 2:30 बजे एक गाड़ी वाला 10,000 रुपये में होटल चलने के लिए तैयार हुआ। बड़ी मुश्किल से जान बचाकर हम लोग होटल पहुंच पाए।