संवाद न्यूज एजेंसी
नई दिल्ली।राजधानी दिल्ली में सोमवार को वायु गुणवत्ता मध्यम श्रेणी में रहने से लोगों को प्रदूषण से कुछ राहत मिली। हालांकि, यह राहत ज्यादा समय तक टिकने की उम्मीद नहीं है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के पूर्वानुमान के अनुसार, मंगलवार से दिल्ली की हवा एक बार फिर खराब श्रेणी में पहुंच सकती है। हवा की रफ्तार कम होने और प्रदूषकों के बिखराव के लिए अनुकूल परिस्थितियां नहीं बनने से प्रदूषण बढ़ने की आशंका है।
भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान (आईआईटीएम) के अनुसार, मंगलवार को दिल्ली में हवा की गति कम हो जाएगी। सोमवार दोपहर हवा की रफ्तार 20 किलोमीटर प्रति घंटे थी, जो मंगलवार सुबह घटकर 12 और दोपहर में 15 किलोमीटर प्रति घंटे रहने का अनुमान है। इसके साथ ही वेंटिलेशन इंडेक्स में भी बड़ी गिरावट आ सकती है। यह इंडेक्स सोमवार के 14 हजार से घटकर मंगलवार को 6,500 वर्ग मीटर प्रति सेकंड रहने का अनुमान है। वेंटिलेशन इंडेक्स कम होने का मतलब है कि वातावरण में मौजूद धूल, धुआं और हानिकारक गैसें आसानी से फैल नहीं पाएंगी। ऐसे में प्रदूषक हवा में जमा होने लगते हैं, जिससे वायु गुणवत्ता बिगड़ सकती है।
मौसम विभाग ने बुधवार को भी हवा की गुणवत्ता खराब रहने का अनुमान जताया है। हालांकि, दोपहर या शाम के समय हल्की बारिश, गरज-चमक और आंधी चलने की संभावना है। इससे तापमान 26 से 28 डिग्री सेल्सियस तक रह सकता है। बारिश होने पर हवा में मौजूद प्रदूषक कणों को कम करने में मदद मिल सकती है।
29 से सुधर सकती है हवा
29 अक्तूबर को हवा की दिशा पूर्व और दक्षिण-पूर्व की ओर बदलने तथा इसकी रफ्तार 20 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने का अनुमान है। इससे प्रदूषकों के फैलाव में मदद मिल सकती है और दिल्ली की वायु गुणवत्ता फिर मध्यम श्रेणी में लौट सकती है।
बच्चों और सांस के मरीजों को सावधानी की सलाह
मंगलवार को प्रदूषण बढ़ने की आशंका को देखते हुए बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी बीमारियों से जूझ रहे लोगों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। बाहर लंबे समय तक रहने और खुले में व्यायाम करने से बचें। बाहर निकलना जरूरी हो तो अच्छी फिटिंग वाला एन95 मास्क पहनें और वायु गुणवत्ता की ताजा स्थिति जांचकर ही बाहर जाने की योजना बनाएं।