साइबर सिटी में बढ़ते प्रदूषण से लोग काफी परेशान हैं। मगर जब से गर्मी शुरू हुई है तब से गुड़गांव में अघोषित पावर कट ने इस समस्या को और भी बढ़ा दिया है। वजह है कि कई घंटे तक बिजली गुल रहने के कारण लोगों को जनरेटर का सहारा लेना पड़ता है। जिससे प्रदूषण की समस्या बढ़ गई है।
शहर का शायद ही कोई इलाका हो जहां पर बिजली संकट नहीं हो। यहां रोजाना छह से आठ घंटे बिजली गुल हो रही है। दिन में सबसे अधिक समस्या है। मानेसर, खांडसा और उद्योग विहार जैसे औद्योगिक क्षेत्र में दिनों दिन बिजली संकट बढ़ता जा रहा है। उत्पादन के लिए इंडस्ट्री को जनरेटर का सहारा लेना पड़ रहा है।
इस कारण प्रदूषण के बढ़ने का खतरा बढ़ गया है। उद्योग विहार के सभी फेजों में लाइन से सैकड़ों जनरेटर को चलते देखा जा सकता है। बिजली के अभाव में उनके पास जनरेटर चलाने के अलावा कोई और विकल्प नहीं है।
एसोचैम भी अपनी रिपोर्ट में गुड़गांव की इंडस्ट्री में बिजली संकट का मुद्दा उठा चुका है। औद्योगिक क्षेत्र के अलावा मॉल्स, होटल, रेस्टोरेंट, अपार्टमेंट और सोसायटी में भी जनरेटर रोजाना कई घंटे चलाया जा रहा है।