इस तरह से हुआ अध्ययन
शरीर के एक हिस्से में सेरेब्रल पाल्सी से पीड़ित 5 से 18 साल की आयु के 23-23 बच्चों पर ट्रायल हुआ। चार सप्ताह में वैकल्पिक कार्य दिवसों पर वास्तविक आरटीएमएस (हस्तक्षेप हाथ) या आरटीएमएस (नियंत्रण हाथ) के साथ एमसीआईएमटी के 10 सत्र दिए गए। प्राथमिक परिणाम ऊपरी अंग कौशल परीक्षण स्कोर की गुणवत्ता में औसत परिवर्तन देखा गया। द्वितीयक परिणाम डोमेन स्कोर, गति और शक्ति माप में सुधार दिखा। इस ट्रायल में एक को छोड़कर सभी 46 बच्चों ने परीक्षण पूरा किया। चार सप्ताह में बच्चों के वजन वहन और सुरक्षात्मक विस्तार डोमेन स्कोर में परिवर्तन काफी अधिक था।
ये सुधार 12 सप्ताह तक बने रहे। स्कोर 12 सप्ताह में सुधरे। बच्चों में कोई गंभीर प्रतिकूल घटना नहीं देखी गई। अध्ययन में पता चला कि एमसीआईएमटी के साथ संयुक्त 6-एमजेड़ प्राइम्ड आरटीएमएस सुरक्षित, व्यवहार्य है। एकतरफा सीपी वाले बच्चों के ऊपरी अंग के कार्य को बेहतर बनाने में अकेले एमसीआईएमटी से बेहतर है।
इन कारणों से हो सकता है रोग
-गर्भावस्था के दौरान भ्रूण में संक्रमण, गर्भपात या गंभीर चिकित्सा समस्याएं, समय से पहले जन्म या कम वजन
-जन्म के दौरान ऑक्सीजन की कमी, कठिन जन्म या जन्म चोट, विकसित होते मस्तिष्क में चोट लगना, मस्तिष्क में रक्त का थक्का बनना या रक्तस्राव
-कुछ आनुवंशिक या विकासात्मक विकार
सेरेब्रल पाल्सी के लक्षण
-मांसपेशियों की कमजोरी
-चलने, दौड़ने या संतुलन बनाने में परेशानी
-मांसपेशियों का कठोर होना या अनियंत्रित ऐंठन, चलने या खड़े होने में असामान्य स्थिति
-बोलने या संवाद करने में दिक्कत
-मानसिक विकास में देरी या सीखने में कठिनाई, अनियंत्रित हिलना या झूलना