एम्स ने एक बार फिर से एक कीर्तिमान स्थापित किया है। एम्स देश का पहला सरकारी अस्पताल बन गया है जहां अब तक सफलतापूर्वक 50 हृदय प्रत्यारोपण किया गया है। पहली बार एम्स में वर्ष-1994 में हृदय प्रत्यारोपण किया गया था।
अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) से मिली जानकारी के मुताबिक पिछले 10 दिनों में एम्स में दो सफल हृदय प्रत्यारोपण किए गए हैं। एक हृदय बिहार के 35 वर्षीय कामता प्रसाद को प्रत्यारोपित किया गया जबकि दूसरा हृदय हरियाणा के रोहतक निवासी संजय (40) को किया गया।
मिली जानकारी के मुताबिक एक हृदय मध्य प्रदेश के इंदौर से लाया गया था जबकि दूसरा हृदय दिल्ली के ही एम्स ट्रॉमा सेंटर से लाया गया था। एम्स ट्रॉमा सेंटर में एक मरीज के ब्रेन डेड होने के बाद उसके परिजनों को अंगदान के लिए तैयार किया गया।
ऑर्गेन ट्रांसप्लांट बिल पास होने के बाद एम्स में ही देश का पहला हृदय प्रत्यारोपण तीन अगस्त-1994 को डॉ. पी. वेणुगोपाल की टीम ने किया था। इसके बाद से लगातार एम्स में हृदय प्रत्यारोपण किया जा रहा है, लेकिन आंकड़ों के लिहाज से हृदय प्रत्यारोपण में वर्ष-2016 का वर्ष अभी तक सबसे अच्छा रहा है।