दक्षिण-पूर्व जिला पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अरविंद नाथ पाठक (70) नेवी में डाक्टर थे। वह मेन कालकाजी के एन ब्लॉक में रहते थे। यहां पर उन्होंने क्लीनिक भी खोला था। उनका बेटा प्रशांत नाथ पाठक अपनी मां के साथ अमेरिका में रहता है। मृतक के भाई महेंद्रनाथ ने 12 अगस्त को शिकायत दी थी कि उनके भाई अरविंद नाथ पाठक यहां अकेले रहते थे और वह घर से गायब हैं।
कालकाजी थानाध्यक्ष अजय कुमार की टीम ने तुरंत गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्जकर बुजुर्ग की तलाश शुरू की। अगले दिन शाम को बुजुर्ग ब्लॉक में कूड़े के खत्ते के पास बेहोशी की हालात में मिले। पुलिस ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
जिला पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मृतक के भाई महेंद्र नाथ से बातचीत कर पुलिस ने अमेरिका में रह रहे बेटे और पत्नी को इसकी जानकारी दी। इस पर बेटे और पत्नी ने कहा कि वह अपने काम में व्यस्त हैं। वह भारत नहीं आ सकते हैं। इसके बाद बेटे ने पुलिस को मेल कर एक अधिकृत पत्र भेजा। इस पत्र में बेटे ने पुलिस को बताया कि वह अपने चाचा प्रशांत नाथ पाठक को पिता के अंतिम संस्कार व अन्य रीतियों के लिए अधिकृत करता है।
पुलिस ने चाचा को शव सौंपा
पुलिस को मेल मिलने के बाद कालकाजी थाना पुलिस ने मृतक अरविंद नाथ पाठक के शव का पोस्टमार्टम कराया। इसके बाद पुलिस ने शव मृतक के भाई व बहन को सौंप दिया। इन लोगों ने रीति-रिवाज से बुजुर्ग के शव का अंतिम संस्कार करा दिया था।
काफी समय से अकेले रह रहे थे
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, अरविंद नाथ काफी समय से अकेले रह रहे थे और शुगर समेत कई बीमारियों से पीड़ि थे। उनके भाई महेंद्र नाथ व उनका बेटा उनकी देखभाल करने उनके पास आते थे।