सीपीसीबी के आंकड़ों के अनुसार दिल्ली का एक्यूआई 400 से अधिक दर्ज किया गया, जो बेहद गंभीर श्रेणी में आता है। उसके अनुसार दिल्ली चौदह इलाकों में हवा की 'खराब' गुणवत्ता दर्ज की गई जबकि 1 9 क्षेत्रों में यह 'मध्यम' है। वहीं केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के आंकड़ों की मानें तो राष्ट्रीय राजधानी में तीसरे दिन भी लगातार वायु गुणवत्ता ‘गंभीर’श्रेणी में दर्ज की गई। सीपीसीबी का कहना है कि दिल्ली में हल्की बारिश के बावजूद प्रदूषण की समस्या बरकरार है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) ने वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 400 से अधिक दर्ज किया।
केन्द्र संचालित वायु गुणवत्ता प्रणाली और मौसम अनुमान (सफर) ने कहा कि हल्की बारिश के कारण वायु गुणवत्ता में गिरावट दर्ज की गई है। सफर ने कहा, ‘‘तापमान में गिरावट आई है और हवा में अच्छी-खासी नमी है। नमी भरी वायु दिल्ली के कम तापमान वाले सतह से गुजर रही है और शांत हवाएं प्रदूषकों को छितराव करने से रोक रही है।’’ भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार अगले दो दिन तक वायु गुणवत्ता ‘गंभीर’ बनी रहेगी। तेज हवाएं चलने के बाद ही स्थिति में सुधार की संभावना है।
सीपीसीबी के आंकड़ों के अनुसार दिल्ली एनसीआर में गाजियाबाद और फरीदाबाद में 'खराब' वायु गुणवत्ता दर्ज की गई, जबकि गुड़गांव और नोएडा में 'मध्यम' वायु गुणवत्ता दर्ज की गई। मौसम अनुमान (सफर) का कहना है, "हालांकि, राहत की उम्मीद नहीं है क्योंकि आर्द्रता बहुत अधिक है और तापमान अधिक ठंडा होने की संभावना है। दोनों कारक प्रतिकूल हैं और शुक्रवार तक एक्यूआई को 'बहुत निचले' स्तर तक नुकसान दे सकते हैं।