चंडीगढ़ के कॉलेजों में दाखिले की होड़
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देशभर के केंद्रीय विश्वविद्यालयों में सामान्य वर्ग के गरीब परिवारों के छात्रों के लिए 10 फीसदी ईडब्ल्यूएस कोटे के तहत 47,223 सीट की बढ़ोतरी होगी। केंद्रीय विश्वविद्यालयों में 2019-20 और 2020-21 सत्र में 25 फीसदी अतिरिक्त सीट बढ़ेंगी। इसके तहत बनारस हिंदू विश्वविद्यालय में 5440, इलाहाबाद विश्वविद्यालय में 3122, अंबेडकर विश्वविद्यालय लखनऊ में 467, हरियाणा में 261, धर्मशाला (हिमाचल प्रदेश) में 204, दिल्ली विश्वविद्यालय में 3360 सीटों की बढ़ोतरी होने जा रही है।
केंद्र सरकार के सूत्रों के मुताबिक, केंद्रीय विश्वविद्यालयों के वर्ग के तहत पुराने व बड़े विश्वविद्यालयों में दो सत्रों और नए विश्वविद्यालयों में 2019 सत्र में 10 फीसदी के तहत करीब 25 फीसदी अतिरिक्त सीट बढ़ेंगी। विश्वविद्यालयों में दस फीसदी अतिरिक्त ईडब्ल्यूएस कोटा स्नातक, स्नातकोत्तर, एमफिल व पीएचडी प्रोग्राम में लागू होगा। इसके तहत स्कॉलरशिप आंकड़ों में भी बढ़ोतरी की जाएगी। सरकार केंद्रीय विश्वविद्यालयों को अतिरिक्त सीट बढ़ाने पर होने वाले वित्तीय बोझ के लिए 2682.14 करोड़ रुपये भी देगी।
विवि सत्र 2019-20 2020-21
इलाहाबाद विवि 892 2230
अंबेडकर विवि 133 334
हेमवती नंदन बहुगुणा विवि 599 1497
बनारस हिंदू विवि 1554 3886
जम्मू विश्वविद्यालय 63 158
दिल्ली विश्वविद्यालय 960 2400
धर्मशाला विवि 204 (2019 में ही सभी अतिरिक्त सीट बढ़ेंगी।)
हरियाणा विवि 261 (2019 में ही सभी अतिरिक्त सीट बढ़ेंगी)
कश्मीर विश्वविद्यालय 53 (2019 में ही सभी अतिरिक्त सीट बढ़ेंगी)
आईआईटी में 6708 सीट बढ़ेंगी
आईआईटी में कुल 6708 सीट की बढ़ोतरी होगी। अभी तक 23 आईआईटी में 26831 सीट हैं। जबकि दस फीसदी ईडब्ल्यूएस कोटा लागू होने के बाद 33,539 सीट हो जाएंगी। इसमें 2019 सत्र में 2388 और 2020 सत्र में 4320 सीट बढ़ेंगी। आईआईटी को अतिरिक्त सीट बढ़ाने पर वित्तीय बोझ के तहत 1094.92 करोड़ भी मिलेंगे।