बुलंदशहर के अनूपशहर निवासी मधुर शर्मा अपनी बुआ के लड़के अभय शर्मा और बहन दीक्षा शर्मा (22) और बुआ की लड़की कनिका (26) के साथ 10 फरवरी की रात दिल्ली से बुलंदशहर को लौट रहे थे। उनके एक रिश्तेदार के यहां शादी समारोह था। जिसमें शामिल होकर चारों भाई-बहन कार के माध्यम से दनकौर कोतवाली क्षेत्र से होते हुए जा रहे थे। जब उनकी कार दनकौर-सिकंदराबाद रोड पर हतेवा गांव के पास पहुंची। उसी दौरान अचानक रोड पर एक सांड आ गया। जिसको बचाने के चक्कर में उनकी कार असंतुलित होकर पास में स्थित एक पेड़ से जा टकराई।
हादसा इतना भीषण था कि कार के एयरबैग खुल गए। जिसके चलते मधुर और अभय को गंभीर चोट नहीं आई। जबकि दीक्षा और कनिका गंभीर रूप से घायल हो गई। घायलों को सूचना के आधार पर पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया। जहां इलाज के दौरान मंगलवार को कनिका शर्मा की मौत हो गई। जबकि दीक्षा की बुधवार को मौत हो गई।
एक वर्ष में करीब चार लोगों की मौत
स्थानीय लोगों का कहना है कि दनकौर-सिकंदराबाद रोड पर सांडों का आतंक है। जिसके चलते पिछले एक वर्ष में करीब चार लोगों की इसी तरह मौत हो चुकी है। जबकि काफी लोग घायल भी हुए हैं। शिकायत के बाद भी प्राधिकरण के अधिकारी इस तरफ कोई ध्यान नही दे रहे हैं। कोतवाली पुलिस का कहना ही मृतक के परिजनों ने पोस्टमॉर्टम कराने से इनकार कर दिया है।