प्रधानमंत्री के आगमन को लेकर सुरक्षा के पुख्ता बंदोबस्त किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री व दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति की सुरक्षा के लिए 9 जुलाई को 3000 से ज्यादा पुलिस व अर्ध सैनिक बलों के जवान तैनात किए जाएंगे। इनमें से 2500 सिविल पुलिस और अर्ध सैनिक बलों के जवान तैनात रहेंगे। लगभग 400 जवान ट्रैफिक पुलिस के होंगे जो कार्यक्रम स्थल के आसपास और नोएडा में प्रधानमंत्री आगमन के लिए आरक्षित मार्ग पर यातायात व्यवस्था संभालेंगे।
प्रधानमंत्री के नोएडा आगमन के लिए 21 किलोमीटर के क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और यातायात व्यवस्था का बंदोबस्त किया जा रहा है। मानसून का समय होने के कारण प्रधानमंत्री के सड़क मार्ग से आने की संभावना भी काफी ज्यादा है। इस वजह से पुलिस बल व अर्ध सैनिक बलों की संख्या में और इजाफा करने पर विचार चल रहा है। बाहर से आने वाले जवानों के ठहरने के लिए पुलिस ने व्यवस्था करनी शुरू कर दी है।
सुरक्षा के मद्देनजर कार्यक्रम की तैयारियों को काफी गोपनीय तरीके से पूरा किया जा रहा है। तैयारियों में जुटे कर्मचारियों का सत्यापन कर उन्हें भी पहचान पत्र जारी किए गए हैं। कार्यक्रम वाले दिन ड्यूटी पर तैनात होने वाले सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों को भी अलग से पहचान पत्र जारी किया जाएगा, जिससे आसानी से उनकी पहचान हो सके।
बिना पहचान पत्र के किसी को कार्यक्रम स्थल में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। कार्यक्रम में शामिल होने वाले लोग अपने साथ लैपटॉप, ट्रांजिस्टर, कैमरा, बैग आदि नहीं रख सकते हैं। प्रधानमंत्री का कार्यक्रम शाम पांच बजे से साढ़े पांच बजे के बीच होना प्रस्तावित है। ऐसे में कार्यक्रम में आमंत्रित होने वाले लोगों को शाम चार बजे तक कार्यक्रम स्थल पर पहुंच जाना होगा। इसके बाद प्रवेश बंद कर दिया जाएगा। केवल आमंत्रण पत्र पाने वाले लोग ही कार्यक्रम में शामिल हो सकेंगे।