पूर्ण राज्य के दर्जे से जुड़े अपने आंदोलन की शुुरुआत से पहले आम आदमी पार्टी (आप) ने सोमवार को प्रत्येक विधानसभा में बैठकें की। विधायकों ने कार्यकर्ताओं के साथ आंदोलन की रणनीति पर चर्चा की।
कार्यकर्ताओं को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का आम लोगों के नाम जारी पत्र और फार्म भी दिया गया। बताया गया कि लोगों के दस्तखत करवाकर फार्म विधानसभा कार्यालय में जमा कराना है।
दरअसल, मंगलवार से आप पूरी दिल्ली में पूर्ण राज्य आंदोलन शुरू करने जा रही है। इसके तहत 10 लाख परिवारों से फार्म भरवाया जाना है। वहीं, लोगों को पूर्ण राज्य की जरूरत भी बतानी है।
पार्टी की योजना है कि आंदोलन को बूथ स्तर तक ले जाया जाए। इसके लिए दिल्ली भर में करीब 3,000 पूर्ण राज्य आंदोलन केंद्र खोले जाएंगे। स्थानीय स्तर पर बनने वाले ये केंद्र आप के पूर्ण राज्य आंदोलन की बुनियाद होंगे।
पार्टी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने बताया कि कार्यकर्ताओं को आंदोलन की रूपरेखा बताने के लिए विधानसभा स्तर पर सोमवार को बैठकें की गई। कार्यकर्ताओं को दो पेपर दिए गए।
पहले पेपर में अरविंद केजरीवाल का आम दिल्लीवालों के नाम लिखा पत्र था। पत्र में केजरीवाल ने पूर्ण राज्य की जरूरत बताने की कोशिश की है। वहीं, दूसरा पेपर एक फार्म है, जिस पर आम लोगों के दस्तखत लेने हैं।
पार्टी पदाधिकारियों के अनुसार, शुरुआती लक्ष्य दस लाख परिवारों तक पहुंचना है। इसके लिए अगले दो सप्ताह में तीन हजार सेंटर बनाए जाएंगे। सेंटर से पूरा आंदोलन संचालित होगा। लोगों के दस्तखत जुटाने के बाद पार्टी उसे प्रधानमंत्री को सौंपने के लिए कूच करेगी।