गिरफ्तारी की खबर के बीच आप के कई बड़े नेता अमानतुल्लाह के घर पहुंचने लगे। इसी क्रम में मंत्री आतिशी और राज्यसभा सांसद संजय सिंह भी उनके घर पहुंचे। वहीं संजय सिंह ने एक्स पर लिखा, मोदी सरकार ऑपरेशन लोटस पूरी तरह जुट गई है मंत्रियों विधायकों पर फर्जी मामले बनाकर उनको गिरफ्तार किया जा रहा है। अमानतुल्लाह खान के विरुद्ध बेबुनियाद मामला बनाकर ई़डी द्वारा उनको गिरफ़्तार करने की तैयारी की जा रही है। तानाशाही का अंत जल्द होगा। मैं उनके परिवार से मिलने जा रहा हूं।
आप नेता आतिशी ने कहा कि सुनने में आया है कि आप नेता अमानतुल्लाह खान को गिरफ्तार कर लिया गया है। यह बिल्कुल झूठा मामला है। ईडी के पास अपराध का कोई सबूत या आय नहीं है। यह आम आदमी पार्टी के खिलाफ एक और साजिश है... मैं भाजपा और पीएम नरेंद्र मोदी को बताना चाहता हूं कि भले ही वे आप के प्रत्येक सदस्य को गिरफ्तार कर लें फिर भी दिल्ली के लोग अरविंद केजरीवाल के साथ खड़े रहेंगे और उन्हें वोट देंगे।
मीडिया से बातचीत में आप सांसद संजय सिंह ने कहा, "मैं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह से साफ शब्दों में कहना चाहता हूं कि उनका ऑपरेशन लोटस दिल्ली में सफल नहीं होगा... आपकी तानाशाही जल्द ही खत्म हो जाएगी। यह मामला 2016 से चल रहा है और सीबीआई ने चार्जशीट दायर की है और अमानतुल्ला खान को गिरफ्तार नहीं किया गया... यहां तक कि कोर्ट ने ईडी से कहा कि उसके पास अमानतुल्लाह खान के खिलाफ कोई सबूत नहीं है, इसके बावजूद उन्हें गिरफ्तार किया जा रहा है... यह साजिश दिल्ली सरकार को खत्म करने और पार्टी को तोड़ने के लिए रची गई है... आप अमानतुल्ला खान और उनके परिवार के साथ खड़ी है... हमें अभी तक ईडी से कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिली है।''
सुप्रीम कोर्ट से नहीं मिली राहत
सुप्रीम कोर्ट ने बीते सप्ताह आप विधायक की अंतरिम जमानत याचिका को रद्द कर दिया था और साथ ही निर्देश दिया कि 18 अप्रैल को ईडी की जांच में शामिल हों। 50 वर्षीय आप विधायक ओखला विधानसभा से वर्तमान विधायक हैं।
'मैंने किया हर नियम का पालन'
ईडी दफ्तर में जाने से पहले उन्होंने दावा किया कि मैंने हर नियम का पालन किया है। जब वह वक्फ बोर्ड के चेयरमैन थे और उन्होंने हर तरह की कानूनी सलाह ली। 2013 में आए नए एक्ट के तहत ही काम किया गया है।
जानें क्या है दिल्ली वक्फ बोर्ड मामला
अमानतुल्ला खान पर आरोप है कि उन्होंने दिल्ली वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष के रूप में काम करते हुए 32 लोगों को नियमों का उल्लंघन करते हुए भर्ती किया था। आरोप था कि दिल्ली वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष के रूप में आप विधायक ने भ्रष्टाचार और पक्षपात किया था। इसके अलावा, अवैध रूप से दिल्ली वक्फ बोर्ड की कई संपत्तियों को किराये पर दिया था। उन पर आरोप था कि उन्होंने बोर्ड के धन का भी दुरुपयोग किया है, इसमें दिल्ली सरकार से मदद अनुदान शामिल है।