राफेल डील पर उठे विवाद में आम आदमी पार्टी (आप) ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की चुप्पी पर सवाल उठाया है। पार्टी का कहना है कि प्रधानमंत्री की चुप्पी विकल्प नहीं है। इस मसले पर उन्हें देश को सच्चाई बतानी चाहिए। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए एक संयुक्त संसदीय कमिटी के गठन की मांग की है।
मीडिया से बात करते हुए दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष गोपाल राय ने कहा कि फ्रांस के तत्कालीन राष्ट्रपति का बयान आने के बाद पूरी दुनिया के सामने देश को शर्मनाक स्थिति से गुजरना पड़ रहा है। इससे देश की साख पर सवाल उठ खड़ा हुआ है। देशवासी जानना चाहते हैं कि इतने गंभीर आरोप पर प्रधानमंत्री का क्या कहना है। उनकी चुप्पी लोगों के जेहन में आशंका पैदा कर रही है।
गोपाल राय के मुताबिक, अगर फ्रांस के तत्कालीन राष्ट्रपति झूठ बोल रहे हैं तो यह केवल प्रधानमंत्री की ही नहीं, बल्कि पूरे देश की अस्मिता का सवाल है। ऐसी स्थिति में जब देश पूरी दुनिया के सामने इतनी शर्मनाक परिस्थिति से गुजर रहा है, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जनता के सामने क्यों जवाब नहीं देते। अगर फ्रांसीसी राष्ट्रपति की बात सच है तो किसी भी आधार पर प्रधानमंत्री को पद पर बने रहने का कोई हक नहीं है।
गोपाल राय ने कहा कि प्रधानमंत्री की चुप्पी इस मसले में कोई विकल्प नहीं है। इस बारे में उन्हें जवाब देना पड़ेगा कि कैसे एक सरकारी कंपनी एचएएल को हटाकर कुछ दिन पहले बनी निजी कंपनी इस समझौते में शामिल हो गई? कैसे 526 करोड़ का राफेल विमान 1,670 करोड़ में खरीदा गया। गोपाल राय ने कहा कि मसला देश की सुरक्षा से जुड़ा हुआ है। सारा कुछ जांच का विषय है।