दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण के लिए आम आदमी पार्टी ने केंद्र सरकार को जिम्मेदार ठहराया है। आरोप है कि केंद्र सरकार दिल्ली में प्रदूषण की समस्या खत्म करने के प्रति गंभीर नहीं है। इसका जीता-जागता उदाहरण उस एयर क्वालिटी कमीशन का खात्मा है, जिसका निर्माण दिल्ली के प्रदूषण पर नियंत्रण करने के लिए किया गया था। आप ने आरोप लगाया है कि कमीशन के गठन होने के बाद भी इसे कार्यालय और सहायक कर्मचारी तक नहीं दिए गए। वहीं, नवंबर में गठित किए जाने के बाद इसके लिए जरूरी कानूनी औपचारिकताएं पूरी नहीं की गईं, जिसके चलते कमीशन बंद कर दिया गया।
केंद्र सरकार पर लगाया आरोप
आम आदमी पार्टी नेता आतिशी मार्लेना ने सोमवार (15 मार्च) को एक प्रेसवार्ता में कहा कि केंद्र सरकार दिल्ली के प्रदूषण को कम करने के लिए कभी भी गंभीर नहीं थी। हालांकि, जब पराली पर एक जनहित याचिका पर सर्वोच्च न्यायालय ने सुनवाई की तो केंद्र सरकार ने एयर क्वालिटी कमीशन गठित करके प्रदूषण से बचने के लिए ठोस काम करने का दिखावा किया। अब उसकी सच्चाई सामने आ चुकी है, क्योंकि समय से इसको कानूनी रूप नहीं दिया गया और कमीशन को बंद करना पड़ा।
बांधे दिल्ली सरकार की तारीफ के पुल
आतिशी ने कहा कि केंद्र सरकार के उलट दिल्ली सरकार ने दिल्ली का प्रदूषण कम करने के लिए अनेक ठोस उपाय किए। इसमें पराली जलाने की समस्या को खत्म करने के लिए बायो डिकम्पोजर विकसित कराना, दिल्ली में ई-वाहनों को चलाना और इसके लिए जनता को प्रोत्साहित करना शामिल है। उन्होंने कहा कि सरकार के इन कदमों का असर भी दिखाई पड और एक एजेंसी ने माना है कि दिल्ली में प्रदूषण में कमी आ रही है। हालांकि, केंद्र सरकार की लापरवाही के कारण लोगों को प्रदूषण झेलन पड़ रहा है।