लोकसभा चुनाव में करारी हार और कार्यकर्ताओं के विरोध के बाद आम आदमी पार्टी ने दिल्ली के सांगठनिक ढांचे में बड़ा बदलाव किया है।
पार्टी ने आशुतोष को दिल्ली की कमान सौंप दी है। अब पार्टी संयोजक अरविंद केजरीवाल को दिल्ली से जुड़े सभी मामलों की जानकारी आशुतोष पहुंचाएंगे।
हालांकि पार्टी ने दिल्ली में होने वाले विधानसभा चुनाव केजरीवाल के नेतृत्व में ही लड़ने का फैसला किया है। इसके साथ ही पार्टी की दिल्ली इकाई को दो हिस्सों में बांटा गया है। इसमें एक की जिम्मेदारी दिलीप पांडेय व दूसरे की दुर्गेश पाठक पर डाली गई है।
कई इलाकों में NRI संभालेंगे जिम्मेदारी
पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह ने बताया कि आशुतोष दिल्ली से जुड़े मामलों के प्रभारी होंगे। उन्होंने कहा कि पार्टी का पुनर्गठन निचले स्तर तक किया जा रहा है।
पार्टी ने हर विधानसभा में एक पर्यवेक्षक नियुक्त किया है। पार्टी ने नई दिल्ली सीट के अलावा ग्रेटर कैलाश, आरके पुरम, कस्तूरबा नगर व मालवीय नगर में अप्रवासी भारतीयों को पर्यवेक्षक बनाया गया है।
वहीं, पांच विधानसभा सीटों पर एक जिला प्रमुख बनाया गया है। इस तरह से 70 सीटों के लिए 14 जिला इंचार्ज नियुक्त किए गए हैं। विधान सभा कमेटी के नीचे वार्ड कमेटी होगी। इसके सदस्य के रूप में बूथ कमेटियों के अध्यक्ष शामिल किए जा रहे हैं। इसके बाद बूथ कमेटियां बनेंगी। बूथ कमेटी में दस सदस्य होंगे।
केजरीवाल ने किया था ये वादा
बता दें कि लोकसभा चुनावों के बाद हुई बैठक में कार्यकर्ता ने प्रदेश स्तरीय पार्टी नेतृत्व का विरोध किया था। इस दौरान आम कार्यकर्ताओं की उपेक्षा के आरोप भी लगे थे। इसके बाद केजरीवाल ने भरोसा दिलाया था कि सभी राज्यों की इकाईयों का पुनर्गठन किया जाएगा।
खास बात यह है कि केजरीवाल और आशुतोष के अलावा आप के दूसरे वरिष्ठ नेताओं को विधानसभा चुनाव में सीधी जिम्मेदारी नहीं दी गई है।
पुराने बड़े चेहरों को संगठन की जगह चुनाव प्रचार में उतारने की उम्मीद है। संजय सिंह के मुताबिक फिलहाल बूथ कमेटियों का गठन हो रहा है। पंद्रह दिन के भीतर यह काम पूरा कर लिया जाएगा।