- संसद मार्ग पुलिस ने आरोपी और उसके साथी के पास से पिस्टल-कारतूस और फर्जी दस्तावेज बरामद किए
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस की संसद मार्ग थाना पुलिस ने खुद को जज बताकर लोगों को गुमराह करने वाले एक शख्स को उसके साथी समेत गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से एक पिस्टल, नौ कारतूस, फर्जी जज का पहचान पत्र, फर्जी अनुमति पत्र और बिना नंबर प्लेट की कार बरामद की गई है। आरोपी की पहचान झांंसी यूपी निवासी 31 साल के सूर्य अग्रवाल और 21 साल के निखिल यादव के रूप में हुई है।
जिला पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा ने बताया कि 5 अप्रैल को टीम की नजर एक संदिग्ध एमजी हेक्टर कार पर पड़ी। कार पर नंबर प्लेट नहीं थी, शीशों पर काली फिल्म लगी थी और उस पर न्यायाधीश उत्तर प्रदेश सरकार का स्टीकर लगा था। शक होने पर पुलिस ने वाहन की जांच शुरू की।
जांच के दौरान कार में सवार तीन लोगों की पहचान सूर्या अग्रवाल (31), दिव्यांशु यादव और निखिल यादव (21) के रूप में हुई। निखिल यादव के पास से एक पिस्टल और चार कारतूस मिले, जबकि सूर्या अग्रवाल के पास से पांच कारतूस बरामद किए गए। पूछताछ में सूर्या अग्रवाल खुद को उत्तर प्रदेश का सिविल जज बताया। उसने पुलिस को एक न्यायिक पहचान पत्र और अनुमति पत्र दिखाया, जिनके जरिए वह दिल्ली में हथियार रखने की अनुमति होने का दावा कर रहा था। हालांकि जांच में दोनों दस्तावेज फर्जी और एडिट किए हुए पाए गए। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक सूर्या के पास हथियार का लाइसेंस जरूर था, लेकिन वह केवल उत्तर प्रदेश तक ही मान्य था। इसके बावजूद वह फर्जी कागजात के सहारे राजधानी में हथियार लेकर घूम रहा था। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।