अपोलो अस्पताल में भर्ती 90 वर्षीय बुजुर्ग और उनकी पत्नी ने कोरोना वायरस को मात दे दी है। बृहस्पतिवार को उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। डॉक्टरों ने कहा कि इस उम्र में कोरोना को हराना एक बड़ी उपलब्धि है।
25 मई को 87 वर्षीय महिला को कूल्हे में फ्रैक्चर के बाद अस्पताल में भर्ती किया गया था। सर्जरी से पहले कोरोना जांच की गई, जिसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई। इसके बाद उनके पति की भी जांच कराई गई तो वह भी संक्रमित मिले और पहले से अलजाइमर नामक बीमारी से ग्रसित थे। अपोलो अस्पताल में डॉक्टर निखिल मोदी की देखरेख में दोनों का इलाज शुरू किया गया। 10 दिन बाद उनकी जांच रिपोर्ट निगेटिव आई।
डॉक्टर यतींद्र खरबंदा के नेतृत्व में महिला के कूल्हे कि सर्जरी सफलतापूर्वक की गई। इसके बाद दोनों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। डॉक्टरों का कहना है कि इतनी परेशानी होने के बाद भी जिस प्रकार इस बुजुर्ग दंपती ने कोरोना को मात दी है वह एक बड़ी उपलब्धि है। ये दर्शाता है कि किसी भी बीमारी को हराने के लिए शारीरिक और मानसिक दोनों तरीके से मजबूत होने की जरूरत होती है।