प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की शपथ के साथ दिल्ली सचिवालय में मुख्य सचिव डीएम स्पोलिया समेत प्रधान सचिव व अधिकारी-कर्मचारियों ने स्वच्छ भारत की शपथ ली। शपथ के बाद कुछ अधिकारी श्रमदान करने भी निकले।
मुख्य सचिव ने साफ कहा है कि कार्यालयों को साफ सुथरा रखें, कभी भी निरीक्षण किया जा सकता है। मुख्य सचिव ने कहा है कि बॉशबेसिन में बर्तन न धोएं, इससे पाइपलाइन व ड्रेनेज में ब्लॉकेज होती है।
स्वच्छ भारत की शपथ के बाद मुख्य सचिव ने सचिवालय भवन के कई तल व शौचालयों का निरीक्षण भी मुख्य सचिव ने किया। अभियान के दौरान सचिवालय भवन से 102 बैग रद्दी और दस टन कूड़ाकरकट निकाला गया।
मुख्य सचिव ने कहा है कि स्वच्छ भारत एक सतत अभियान है। इसमें साप्ताहिक दो घंटे देकर इसे आगे बढ़ाएं। अपने-अपने कार्यालय व आसपास साफ सफाई रखें। निरीक्षण कभी भी किया जा सकता है। बताया गया कि 25 सितंबर ही पुरानी फाईलें और बेकार सामान निकालने का काम विभाग कर रहे हैं।
दिल्ली प्रशासन के अलग-अलग विभागों ने शपथ कार्यक्रम रखे गए थे। खाद्य आपूर्ति विभाग के प्रधान सचिव एसएस यादव ने अधिकारियों के साथ श्रमदान भी किया। विभाग के अधिकारी व कर्मचारी प्रत्येक बुधवार को श्रमदान करके आसपास का क्षेत्र साफ सुथरा रखेंगे।
राजस्व विभाग ने सभी कार्यालयों में साफ सफाई अभियान चलाया। परिवहन विभाग ने सभी कार्यालयों में साफ सफाई की। बस अड्डा और ऑटो रिक्शा यूनिट में भी साफ सफाईऱ् की गई। श्रम विभाग ने नौ जिलों के साथ मुख्यालय में भी शपथ कार्यक्रम रखा। उत्तर व उत्तर पश्चिम जिला के श्रम विभाग कार्यालय में अधिकारियों व कर्मचारियों ने श्रमदान किया।
पर्यटन, महिला एवं बाल विकास, समाज कल्याण, उद्योग विभाग, डीएसआईआईडीसी ने स्वच्छ भारत की शपथ ली गई। आरडब्ल्यूए व उद्योग संघों ने स्वच्छ भारत अभियान में मिलजुलकर भाग लिया।
दिल्ली सचिवालय के अलावा तमाम विभाग के मुख्यालय में प्रधानमंत्री के साथ शपथ लेने और भाषण सुनने के लिए स्क्रीन लगाई गई थी। सामाजिक सुविधा संगम और सभी अकादमी में भी अधिकारी व कर्मचारियों ने साफ सफाई व श्रमदान की शपथ ली।
इंडिया गेट पर 44 स्कूलों के 2700 स्कूली बच्चे प्रधानमंत्री के कार्यक्रम व तीन किलोमीटर के वॉकाथन में शामिल हुए। स्कूलों में शिक्षकों ने साफ सफाई की। स्कूलों में विशेष मिड डे मील की व्यवस्था की गई थी।