दिल्ली और मध्य प्रदेश का वांछित अपराधी सुधीर परिहार उर्फ फौजी को दिल्ली पुलिस की अपराध शाखा ने गिरफ्तार कर लिया है। फौजी ने 25 जुलाई को ओखला इलाके में बैंक के बाहर हुई 22.84 लाख रुपये की लूट की वारदात को अंजाम दिया था।
यूपी, एमपी, यूपी और अन्य राज्यों के बदमाशों से फौजी संपर्क में था। दिल्ली पुलिस ने उसकी गिरफ्तारी पर एक लाख रुपये इनाम घोषित किया हुआ था। वहीं मध्य प्रदेश पुलिस ने इसकी गिरफ्तारी पर 15 हजार रुपये इनाम रखा था।
छानबीन के दौरान पुलिस को पता चला कि फौजी लखनऊ में कहीं छुपा है। सूचना के बाद आठ अक्तूबर को पुलिस ने फौजी को लखनऊ से दबोच लिया। अपराध शाखा के संयुक्त आयुक्त रवींद्र यादव ने बताया कि पुलिस फौजी से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है।
ओखला में की थी लूट
फौजी ने मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और दिल्ली में लूट की बड़ी-बड़ी वारदात को अंजाम दिया है। ओखला में लूट की वारदात को अंजाम देने के लिए फौजी ने चोरी की दो बाइक का इंतजाम किया था।
अंकेश, फौजी, पंकज, विपिन, बिनेश, भूरा, सोनू और इकरार ने मिलकर वारदात को अंजाम दिया। बिनेश ने बैंक के अंदर से कैश लाने की सूचना दी। दो बाइक पर सवार पांच बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया।
भीड़ ने जब इनका पीछा करने का प्रयास किया तो इन्होंने कुछ नोटों को हवा में उड़ाकर भीड़ का ध्यान बटा दिया। इसके बाद आगरा बस अड्डे पहुंचकर लूटी गई रकम का बटवारा किया गया।
सेना से भाग आया था सुधीर
गांव बिधोरी, चक्कन नगर, इटावा, यूपी का रहने वाला सुधीर परिहार 2003 में सेना में रायफल मैन भर्ती हुआ था। दिसंबर 2012 में छुट्टी आने के बाद वह सेना में वापस नहीं लौटा।
ग्वालियर में सुधीर ने अपना गैंग खड़ा कर विवादित जमीनों को हड़पना शुरू कर दिया। गैंगवार में उसने 2013 में ग्वालियर में बंटी गुर्जर नामक बदमाश की हत्या कर दी। तभी से वह फरार हो गया। उसने दिल्ली, एमपी, यूपी व अन्य राज्यों के बदमाशों से संबंध बना लिए। वह इन राज्यों में लूटपाट की वारदातों को अंजाम देने लगा।