मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कहा कि योग उत्तराखंड की धरती से जुड़ा हुआ महत्वपूर्ण विषय है। योग के जरिए पूरी दुनिया को एक साथ जोड़ा जा सकता है। योग को अंतरराष्ट्रीय ब्रांड एंबेसडर बताते हुए सीएम ने कहा कि उत्तराखंड को योग के माध्यम से पूरी दुनिया के साथ जोड़ने की राज्य सरकार की कोशिश है।
मंगलवार को पंतद्वीप में अर्द्धकुंभ मेला प्रशासन, पर्यटन विभाग और परमार्थ निकेतन ऋषिकेश के संयुक्त तत्वावधान में हरिद्वार में चार दिवसीय योग महाकुंभ का शुभारंभ करने के अवसर पर पत्रकारों से वार्ता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि योग आत्मशक्ति और शांति प्रदान करने की विधा है।
उन्होंने कहा कि योग महाकुंभ के माध्यम से राज्य सरकार और सहयोगी संस्थाएं अर्द्धकुंभ की तैयारियों के बारे में पूरी दुनिया में संदेश देना चाहती हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न देशों से यहां आने वाले साधक उत्तराखंड से सकारात्मक संदेश लेकर अपने देशों को लौटेंगे।
संस्कृत केंद्र खोलने की तैयारी
उन्होंने कहा कि गंगा, योग और संस्कृत केंद्र को जोड़कर राज्य सरकार ऐसा प्रयास कर रही है। जिससे पूरी दुनिया के लोग आकर्षित होकर उत्तराखंड आए। इसके लिए देवप्रयाग में 80 करोड़ रुपये की लागत से अगले एक वर्ष में विशाल संस्कृत केंद्र खोले जाने की तैयारी है।
इस दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है। उन्होंने अर्द्धकुंभ के मंच से ही पूरी दुनिया के लोगों को छह साल बाद होने वाले महाकुंभ के लिए भी निमंत्रण दे दिया। कहा कि अर्द्धकुंभ के साथ ही राज्य सरकार महाकुंभ की तैयारियों में भी जुट गई है।