IIमहिलाओं को अधिकारों के प्रति जागरूक करने के मकसद से डीएवी पीजी कॉलेज में कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्य स्थल पर यौन उत्पीड़न के लिए गठित आंतरिक शिकायत समिति (आईसीसी) के लिए दिशा-निर्देश विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें वक्ताओं ने कहा, महिलाओं को अधिकारों के प्रति सजग होकर मानसिक रूप से सशक्त होने की जरूरत है।
I
Iशुक्रवार को आयोजित कार्यशाला में महिला आयोग की अध्यक्ष कुसुम कण्डवाल ने मुख्य अतिथि के तौर पर शिरकत की। उन्होंने कहा, महिला कर्मचारियों का उत्पीड़न करने पर आयोग की ओर से सख्त कार्रवाई की जाएगी। कहा, उत्तराखंड में पहली बार महिलाओं के सर्वांगीण विकास एवं उत्थान के लिए महिला नीति बनाई गयी है। आयोग के निर्देश पर स्पा सेंटर के लिए दिशा-निर्देश निर्धारित किए गए हैं। इसके अलावा दुर्गम पर्वतीय क्षेत्रों में रहने वाली महिलाओं को विधिक सहायता दिलाने के लिए सक्षम अधिकारियों को निर्देशित किया गया है। आईसीसी की अध्यक्ष प्रो. सविता रावत व महिला कल्याण विभाग की उप मुख्य प्रोबेशन अधिकारी अंजना गुप्ता ने आईसीसी ने समिति के उद्देश्य, यौन उत्पीड़न की परिभाषा दिशा-निर्देशों को लागू करने के लिए शक्तियां एवं जिम्मेदारी को विस्तार से बताया। इस मौके पर महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. सुनील कुमार, प्रो. शिखा नागलिया, डाॅ. प्रतिमा सिंह, बलवीर उनियाल, प्रो. अशोक श्रीवास्तव, प्रो. एचएस रंधावा, प्रो. सविता भट्ट आदि मौजूद रहे।I