सिटी बस में यात्रा के दौरान यदि कोई छेड़छाड़ या परेशान करे तो महिला या छात्रा सीट पर लगी सीटी को बजा सकेंगी।
इसके बाद चालक-परिचालक अन्य यात्रियों की मदद से आरोपी को पकड़ लेंगे। सोमवार से शहर की 60 बसों में 1800 सीटी लगाने की तैयारी है। डीआईजी केवल खुराना ने रविवार शाम प्रोजेक्ट आवाज की तैयारियों की समीक्षा की।
ट्रैफि क निदेशालय सिटी बसों में सुरक्षा का माहौल तैयार करने के लिए सोमवार से प्रोजेक्ट आवाज लांच करने जा रहा है। इसके तहत हर बस में 30 सीटी लगाने की तैयारी है।
ट्रैफिक निदेशालय के निदेशक केवल खुराना के मुताबिक यह सीटी सीट के अगली तरफ लगी होगी, इसका उपयोग केवल महिलाएं ही कर सकती हैं। यात्रा के दौरान यदि कोई उन्हें तंग करता है तो वह सीटी बजाकर चालक-परिचालक और आसपास के लोगों की मदद ले सकती हैं। सीटी बजने पर चालक बस को रोककर पीड़ित महिला की मदद को आ जाएगा।
वैसे तो तमाम बसों में कंट्रोल रूम और अधिकारियों के नंबर बस में मोटे अक्षरों में लिखवाएं जा रहे हैं। कई बार देखने में आता है कि पुलिस के आने से पहले ही आरोपी बस से उतरकर भाग जाता है। खुराना ने उम्मीद जताई कि यह प्रोजेक्ट काफी कारगर साबित होगा।