आजादी के आंदोलन में अपनी लेखनी के माध्यम से महत्वपूर्ण योगदान देने वाली महान विभूतियों के परिजनों को सम्मानित किया गया। सीएम आवास में सूचना विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम में उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम में योगदान देने वाले समाचार पत्रों की फोटो गैलरी का भी उद्घाटन किया।
उन्होंने कहा कि हमारी आने वाली पीढ़ियों को पता होना चाहिए कि आजादी की लड़ाई के दौर में जब संचार साधनों का नितांत अभाव था, तब दूरस्थ गांवों तक जनचेतना का संचार किस प्रकार से किया जाता था। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार 60 वर्ष से अधिक आयु के वयोवृद्ध पत्रकारों के लिए पेंशन और मान्यता प्राप्त पत्रकारों के लिए बीमा योजना शुरू करेगी।
ऐसे समाचार पत्र, जो आजादी के समय से आज तक प्रकाशित हो रहे हैं, उन्हें हेरिटेज समाचार पत्र-पत्रिकाओं के रूप में चिन्हित कर विशेष सहायता दी जाएगी। राज्य की बोलियों, भाषाओं एवं संस्कृति पर आधारित पत्र-पत्रिकाओं को भी प्रोत्साहित किया जाएगा, इसके लिए विशेष नीति बनाई जाएगी। कहा कि पत्रकारों से जुड़ी संस्थाओं का सशक्त होना आवश्यक है, ताकि ये संस्थाएं स्वायत्तता के साथ काम कर सकें।
परिजनों ने लिया महान विभूतियों का सम्मान
मुख्यमंत्री ने स्वतंत्रता संग्राम के समय अपनी लेखनी और पत्रकारिता के माध्यम से अलख जगाने वाली महान विभूतियों के परिजनों को सम्मानित किया।
इनमें विशम्भर दत्त चंदोला, बदरीदत्त पांडे, बैरिस्टर मुकुंदीलाल, राजा महेंद्र प्रताप, ठाकुर चंदन सिंह, मुंशी हरि प्रसाद टम्टा, हुलास वर्मा, पं. अमरनाथ शास्त्री वैद्य, चंद्रमणि विद्यालंकार, अमीरचन्द बम्बवाल, अनुसूया प्रसाद बहुगुणा, विक्टर जोजफ मोहन जोशी, गोविंद प्रसाद नौटियाल, भैरवदत्त धूलिया, इलाचंद्र जोशी, आचार्य गोपेश्वर कोठियाल, कुंवर सिंह नेगी ‘कर्मठ‘, राजदर्शन उर्फ भक्त दर्शन, श्याम चंद सिंह नेगी, ललिता प्रसाद नैथानी ‘वकील‘, पूर्ण चंद्र अग्निहोत्री, याज्ञवल्क्य दत्ता, भगवान दास मुलतानी, राम प्रसाद बहुगुणा, राधाकृष्ण वैष्णव, नरेंद्र सिंह भंडारी, सरदार जय सिंह भाटिया, वंशीलाल पुंडीर, गोविंद प्रसाद गैरोला, राधाकृष्ण कुकरेती व कृष्णलाल ढींगरा के परिजनों को शॉल और स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया।
प्रसिद्ध पर्यावरणविद् पद्मभूषण सुंदर लाल बहुगुणा को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में डॉ. आरके वर्मा, जय सिंह रावत, प्रताप सिंह परवाना, सोमवारी लाल उनियाल, राम प्रताप बहुगुणा, संजय कोठियाल औश्र डॉ. लालता प्रसाद को विशेष सहयोग हेतु सम्मानित किया गया।