उत्तराखंड में मिनिस्टीरियल कर्मियों की तर्ज पर ग्रेड पे के उच्चीकरण का शासनादेश न आने से खफा राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद ने छह नवंबर से सभी सरकारी कार्यालयों में तालाबंदी का ऐलान कर दिया है।
अगली रणनीति शनिवार को तय
शनिवार को बैठक में कर्मचारी आंदोलन की अगली रणनीति तय करेंगे। शुक्रवार को परेड ग्राउंड में धरने के दौरान सभा में परिषद के प्रांतीय अध्यक्ष प्रह्लाद सिंह ने कहा कि शुक्रवार को शासन के एक वरिष्ठ अधिकारी से हुई वार्ता में तय हुआ कि 4800 ग्रेड वेतन तक मौलिक नियुक्ति पाने वाले प्रत्येक कार्मिक को तीन प्रमोशन या तीन पदोन्नत वेतनमान का लाभ एक नवंबर वर्ष 2013 से दिया जाएगा।
सहमति के आधार पर कार्यवृत्त
इसके अलावा वाहन खरीद में वैट पर छूट दी जाएगी। इस बाबत जीओ आ गया है, लेकिन अन्य बिंदुओं पर बनी सहमति के आधार पर कार्यवृत्त दिया गया है। प्रदेश प्रवक्ता अरुण पांडे ने कहा कि जब तक मिनिस्टीरियल कर्मियों की तर्ज पर ग्रेड पे का उच्चीकरण नहीं होता आंदोलन जारी रहेगा।
प्रदर्शन में प्रांतीय महामंत्री प्रदीप कोहली, डीएस असवाल, शेषनाथ यादव, ओमवीर सिंह, वीरेंद्र सिंह सजवाण, बीडी जोशी, आरएस बिष्ट, राधेश्याम पैन्यूली, पुष्पलता शर्मा, मधु बिष्ट, रेनू लांबा, ऊषा नेगी, केसी सुंदरियाल आदि शामिल रहे।
बदलो सरकार जो तुम पर गरजती है...
धरने के दौरान कर्मचारियों ने कविता के माध्यम से सरकार को चेताया। उद्यान कर्मचारी तकनीकी संघ के जिलाध्यक्ष उमेश थपलियाल ने कहा ‘उठ फील्ड के कर्मी जाग उठो मत सहना, अत्याचारों पर अब आंख मिलाकर बात करो। तुम छीन के लो अधिकारों को, पहचानों अपनी ताकत को सरकार ये तुमसे चलती है, बदलो सरकार ये झूठी है जो आज तुम्हीं पर गरजती है।’