उत्तरकाशी के ओडन कॉल में फंसे पर्वतारोहियों को निकालने में उनके प्रयास भी काम आए। आपदा प्रबंधन विभाग ने सेटेलाइट फोन के जरिये संपर्क में रहे लोगों को रेस्क्यू ऑपरेशन की जानकारी देने के साथ अस्थायी हेलीपैड तैयार करने के तरीके बताए। इसके बाद फंसे लोगों ने बर्फ को दबाकर हेलिकॉप्टर उतारने के लिए जगह तैयार की, जिससे रेस्क्यू में मदद मिली।
सचिव आपदा प्रबंधन विनोद कुमार सुमन ने बताया कि ट्रैकर्स के फंसे होने की सूचना मिलते ही हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू का फैसला किया गया। लेकिन मौके पर हेलीपैड नहीं था और चार से पांच फीट बर्फ होने के कारण हेलीकॉप्टर उतारना मुश्किल था। इसके बाद वहां मौजूद लोगों से एक जगह बर्फ पर लगातार चलने और बर्तनों आदि से बर्फ को पीटकर उसे कॉम्पैक्ट करने को कहा गया। इससे अस्थायी हेलीपैड तैयार हो सका और हेलीकॉप्टर पहुंचने में मदद मिली।