महिला पर ब्लैकमेलिंग का आरोप लगाने वाली विधायक की पत्नी ने खुद उसकी सुरक्षा की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने डीआईजी देहरादून को एक पत्र लिखा है। इससे पहले उन्होंने बच्ची की सुरक्षा की मांग की थी। इन सभी प्रार्थनापत्रों को पुलिस ने मुकदमों की जांच में शामिल कर लिया है।
दरअसल, विधायक की पत्नी रीता नेगी का कहना है कि ब्लैकमेलिंग की आरोपी महिला राजनीतिक लोगों के संपर्क में है। चूंकि, उनके पति विधायक हैं तो ऐसे में महिला के साथ यदि कोई अनहोनी होती है तो उसका इल्जाम उन पर लगाया जा सकता है। अभी तक महिला को गिरफ्तार नहीं किया गया है। ऐसे में उसकी सुरक्षा आवश्यक है। महिला की सुरक्षा की मांग करते हुए रीता नेगी ने सोमवार को डीआईजी को यह पत्र लिखा है।
बता दें कि इससे पहले रविवार को भी रीता नेगी ने एक प्रार्थनापत्र डीआईजी को दिया था। इसमें उन्होंने महिला की बच्ची को सुरक्षा दिए जाने की मांग की थी। इसमें भी उन्होंने राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता पर संदेह जताते हुए बच्ची को सुरक्षा देने को कहा था। अभी तक इस मामले में पुलिस के पास चार प्रार्थनापत्र पहुंच चुके हैं, जिनमें से रीता नेगी के शुरूआती प्रार्थनापत्र पर महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। जबकि, एक महिला की और दो विधायक की पत्नी की शिकायतों पर जांच चल रही है। अभी तक पुलिस किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है।
इस पूरे मामले में अभी तक चार शिकायतें आईं हैं। इनमें से एक के आधार पर मुकदमा दर्ज किया गया है। जबकि, बाकी पर अभी जांच चल रही है।
-अरुण मोहन जोशी, डीआईजी देहरादून