कोड़िया में चट्टान का एक हिस्सा टूटने से बदरीनाथ हाईवे करीब ग्यारह घंटे तक बंद रहा। यहां ऑलवेदर रोड परियोजना के काम के दौरान चट्टानी भाग पर बड़े-बड़े बोल्डर अटके हुए थे। गनीमत यह रही कि चट्टान का हिस्सा दिन के वक्त नहीं टूटा। अगर ऐसा होता तो बड़ा हादसा हो सकता था।
इन दिनों बिरही से पीपलकोटी तक जगह-जगह ऑलवेदर रोड के तहत हिल कटिंग का चल रहा है। कई जगहों पर सड़क चट्टानी भाग से होकर गुजरती है। शनिवार को रात करीब ग्यारह बजे बिरही से करीब दो किलोमीटर दूर कोड़िया में अचानक चट्टान का एक हिस्सा टूटकर हाईवे पर आ गया। चट्टान से भारी मात्रा में बोल्डर और मलबा हाईवे पर गिर गया।
रविवार को सुबह छह बजे जब वाहनों की आवाजाही शुरु हुई तो यहां हाईवे अवरुद्घ होने से वाहनों के पहिए थम गए। हाईवे के दोनों ओर देखते ही देखते वाहनों की लंबी लाइन लग गई। सुबह सात बजे से हाईवे पर रास्ता खोलने का काम शुरू हुआ। तब जाकर सुबह दस बजे तक हाईवे पर आवाजाही सुचारू हो सकी।
वहीं, रविवार दोपहर को मसूरी देहरादून मार्ग पर भट्टे के पास अचानक भारी भूस्खलन हो गया। भूस्खलन से बड़े बोल्डर और मलबा सड़क पर आ गिरा। जिससे रास्ता बंद हो गया।
रास्ता बंद होने से सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। वहीं, गलोगी पावर हाऊस के पास शाम को अचानक पहाड़ी दरक गई। पहाड़ी को दरकता देख सड़क के दोनों ओर फंसे लोग हैरानी में पड़ गए। पहाड़ी दरकने का वीडियो किसी राहगीर ने सोशल मीडिया पर डाल दिया। जिसके बाद यहा वायरल हो गया।