फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उत्तराखंडः ठंड ने तोड़ा सात सालों का रिकॉर्ड, बर्फबारी के कारण गंगोत्री-यमुनोत्री हाईवे बंद

Sat, 11 Jan 2020 07:37 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
विज्ञापन
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

दो दिन चटख धूप खिलने के बाद आज शनिवार को एक बार फिर देहरादून में मौसम खराब हो गया। राजधानी में सुबह से बादल छाए रहे। हालांकि बाद में धूप खिल आई।

विज्ञापन


शनिवार को अधिकांश इलाकों में दोपहर तक चटक धूप खिली रही थी। दोपहर बाद मौसम ने अचानक करवट ली और आसमान में घने बादल छा गए थे, जिससे ठंड बढ़ गई थी। ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी होने से निचले क्षेत्रों में शीतलहर चलने से लोगों की परेशानी बढ़ गई।

वहीं पहाड़ के कई गांव बर्फ से ढके होने से ठंड का प्रकोप बरकरार है। इसके अलावा बदरीनाथ, केदारनाथ और गंगोत्री-यमुनोत्री, हेमकुंड साहिब आदि क्षेत्रों में भी धूप खिली रही। कुंड-ऊखीमठ-चोपता-गोपेश्वर हाईवे समेत तीन मोटर मार्ग बंद पड़े हैं। केदारनाथ का जिला मुख्यालय से संपर्क कटा हुआ है।
विज्ञापन

 

हरिद्वार। भले ही दो दिन से धूप निकल रही हो, लेकिन शीतलहर का प्रकोप पूरी तरह से जारी है। सुबह शाम की ठंड ज्यादा परेशान कर रही है। ऐसे में लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो रहा है। डॉक्टरों की सलाह है कि भले ही दिन में धूप पर फिर भी गर्म कपड़े पहनकर ही घर से निकले। 

यमुनोत्री घाटी में बादल छाए हुए हैं। बर्फबारी के कारण कई दिनों से बंद पड़ा यमुनोत्री हाईवे अभी भी बंद हैं। मार्ग खोलने के प्रयास जारी है। बारिश, बर्फबारी के बाद शीतलहर और गलन के कारण कुमाऊं के इलाकों में हाड़कंपाने वाली ठंड पड़ रही है। इस ठंड ने सात वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ा है। शुक्रवार सुबह से ही हल्द्वानी में धूप खिली थी। बावजूद इसके शीतलहर और गलन ने बेहाल कर रखा था।

अधिकतम तापमान 12.5 और न्यूनतम तापमान 6.2 डिग्री सेल्सियस रहा। नमी 88 प्रतिशत रही और हवाएं 4.2 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उत्तर पश्चिम दिशा से चलीं। मुक्तेश्वर में अधिकतम तापमान 11.0 और न्यूनतम तापमान -1.5 डिग्री सेल्सियस रहा। अधिकतम तापमान सामान्य से एक और न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री सेल्सियस कम रहा।

मालढैया में दो घंटे बाधित रहा बदरीनाथ राजमार्ग 

ऋषिकेश-बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग पर उफल्डा के समीप मालढैया नया सिरदर्द बन गया है। यहां पहाड़ी से मलबा आने की वजह से बार-बार यातायात अवरुद्ध हो रहा है। शनिवार को यहां दो घंटे यातायात बाधित रहा। कीर्तिनगर मेले में शिरकत करने जा रहे प्रदेश के वन एवं श्रम मंत्री डा. हरक सिंह को भी वैकल्पिक मार्ग मेला स्थल तक जाना पड़ा। 

धनोल्टी के कई गांव अब भी बर्फ में कैद 

बर्फबारी के बाद चटक धूप तो खिली है, लेकिन धनोल्टी और आसपास गांव के हालात अभी सामान्य नहीं हो पाए हैं। बर्फ के कारण क्षेत्र के कई गांव के लोग अब भी अपने घरों में कैद हैं। धनोल्टी व्यापार मंडल के अध्यक्ष रघुवीर चंद रमोला ने बताया कि पर्यटन नगरी में बर्फबारी के बाद पानी और बिजली की सप्लाई बहाल नहीं हो पाई है।

उन्होंने बताया कि क्षेत्र में हुई भारी बर्फबारी के कारण ग्राम चोरगढ़, लामीधार, चूलीसैण और बटवालधार आदि गांवों के लोग पूरी तरह से अपने घरों में कैद हैं। गांव के पैदल रास्तों पर पड़ी बर्फ के ऊपर पाला गिरने से भी लोगों का पैदल चलना मुश्किल बना हुआ है।

धनोल्टी क्षेत्र के दर्जनों गांवों में विद्युत आपूर्ति बहाल नहीं होने से लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। नई टिहरी विधायक शक्ति लाल शाह ने बारिश और बर्फबारी के कारण घनसाली क्षेत्र में हुए नुकसान की तत्काल भरपाई करने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए हैं। 

भिलंगना और प्रतापनगर के गांवों में बिजली नहीं 

आठ जनवरी को हुई भारी बर्फबारी के कारण टिहरी में भिलंगना ब्लाक के दर्जनों गांवों में अंधेरा पसरा हुआ है। बर्फ के कारण कई गांवों में विद्युत तार टूटे हुए हैं। क्षेत्र के ग्यारहगांव, हिंदाव, बूढ़ाकेदार और बासर पट्टी के दर्जनों गांव की विद्युत आपूर्ति बहाल नहीं हो पाई है।

प्रधान चंद्रशेखर पैन्यूली, जिला पंचायत सदस्य रेखा असवाल ने बताया कि प्रतापनगर में भदूरा पट्टी के ग्राम लिखवार गांव, बनियाड़ी, सिनवालगांव, उपली रमोली के खंभाखाल, ओनालगांव, मुखमाल गांव, गरवाण गांव, मौहल्या, बैल्डोगी आदि गांव में तीन दिन से बिजली ठप है। ऊर्जा निगम के ईई राकेश कुमार ने कहा कि बर्फबारी से विद्युत लाइनों को काफी नुकसान पहुंचा है। 

दो घंटे अवरूद्ध रहा टिहरी मोटर मार्ग

ऑल वेदर रोड कटिंग से देवप्रयाग टिहरी मोटर मार्ग का एक हिस्सा शनिवार सुबह करीब आठ बजे ढह गया। जिससे नई टिहरी, हिंडोलाखाल, पौड़ीखाल, चंद्रवदनी, अंजनीसैण आदि क्षेत्रों को जोड़ने वाला मोटर मार्ग करीब दो घंटे बंद रहा। लोनिवि के सहायक अभियंता सतीशचंद्र भट्ट ने बताया कि फिलहाल टिहरी मार्ग की ओर यातायात बहाल किया गया है। धंस रहे मोटर मार्ग के इस भाग पर पुश्ता लगाए जाने के प्रयास किये जा रहे हैं। चंबा-नई टिहरी मोटर मार्ग भी पूरी तरह से नहीं खुल पाया है। 

119 गांवों में बिजली गुल, 21 गांव में पानी नहीं

उत्तरकाशी जिले के ऊंचाई वाले कई इलाकों में अभी भी यातायात, विद्युत एवं पेयजल आपूर्ति की समस्या बनी हुई है। हालांकि शनिवार दोपहर तक दर्जनों गांवों में यातायात व पेयजल बहाली के साथ ही करीब 100 गांवों में विद्युत आपूर्ति भी सुचारु कर दी गई है। आपदा प्रबंधन विभाग के अनुसार गंगोत्री हाईवे पर सुक्की टॉप तथा यमुनोत्री हाईवे पर फूलचट्टी से आगे बर्फ व पाला जमा होने के कारण यातायात बाधित है, जबकि 18 संपर्क मार्गों में भी वाहनों की आवाजाही प्रभावित है।

वहीं मोरी ब्लॉक के 60, डुंडा-धौंतरी के 17, भटवाड़ी के 13, नौगांव के 12, चिन्यालीसौड़ के 10 तथा पुरोला के 12 गांवों सहित जिले के कुल 119 गांवों में अभी भी विद्युत आपूर्ति ठप पड़ी है। इसके अतिरिक्त खरसाली, नारायणपुरी, जानकीचट्टी, कासलो, डिंगाड़ी, किमडार, लिवाड़ी, फिताड़ी, कसाला, कलाप, गंगाड़ सहित 21 गांवों में पेयजल आपूर्ति भी बाधित है। आपदा प्रबंधन अधिकारी देवेंद्र पटवाल ने बताया कि बचे इलाकों में रविवार तक हालात सामान्य हो जाएंगे।

डाडाधार में फंसे रुद्रपुर के पर्यटकों को पुलिस ने सकुशल निकाला

रुद्रपुर से मुनस्यारी घूमने आए तीन पर्यटक शुक्रवार रात डाडाधार में फंस गए थे। सूचना मिलने पर मुनस्यारी पुलिस ने तीनों पर्यटकों को चालक समेत सुरक्षित निकाल लिया। रुद्रपुर के प्रवीण सिंह, सौरभ अरोड़ा और रंजीत सिद्धू मुनस्यारी घूमने आए थे। शुक्रवार को तीनों एक वाहन से बर्फबारी का लुत्फ उठाने डाडाधार गए थे। वापस में इन लोगों का वाहन बर्फ में फंस गया।

इन लोगों ने वाहन को निकालने की काफी कोशिश की, लेकिन वाहन नहीं निकला। देर रात इन लोगों ने मुनस्यारी पुलिस से संपर्क साधा। मुनस्यारी थाने से उप निरीक्षक मोहन चंद्र जोशी के नेतृत्व में टीम मौके पर पहुंची। पुलिस टीम ने रात करीब डेढ़ बजे तीनों लोगों को मय वाहन सुरक्षित निकाल लिया।

पुलिस ने तीनों लोगों को सुरक्षित होटल पहुंचाया। तीनों सैलानियों ने पुलिस की तत्परता की सराहना की। बताया कि वाहन फंसने से वह लोग एक बार तो डर ही गए थे। पुलिस की मदद पहुंचने से उन लोगों ने राहत की सांस ली। पुलिस टीम में कांस्टेबल संजय चौहान, विनोद अधिकारी शामिल थे। संवाद

नामिक गांव को जाने वाले दोनों रास्ते बंद, 124 परिवार कैद

पिथौरागढ़ जिले में बर्फ से पटे नामिक गांव को जाने वाले दोनों रास्ते बंद होने से 124 परिवार गांव में कैद हो गए हैं। विद्युत आपूर्ति भी दो दिन से बाधित है। ऐसे ही हाल उन इलाकों के भी हैं, जहां जमकर बर्फबारी हुई है। सड़कें बंद होने से ग्रामीण कई किलोमीटर पैदल आवाजाही को मजबूर हैं। सबसे अधिक दिक्कत बुजुर्गों और बीमार लोगों को हो रही है।

बर्फबारी से पेयजल लाइनें ध्वस्त होने से कई इलाकों में लोग बर्फ पिघलाकर पानी पीने को मजबूर हैं। इधर, शुक्रवार को धूप खिलने से बर्फ पिघलने लगी है। इसके चलते शीतलहर ने लोगों को घरों में दुबकने को मजबूर कर दिया। पिथौरागढ़ जिले में थल-मुनस्यारी सड़क सातवें दिन भी नहीं खुली। इस सड़क पर भारी बर्फबारी के चलते फंसे ट्रक चालक को सुरक्षित निकाल लिया गया है।

यह चालक तीन दिन से ट्रक समेत चार से पांच फीट बर्फ में फंसा था। थल-मुनस्यारी मार्ग पर कालामुनि से मुनस्यारी तक 20 किमी के हिस्से में बर्फ जमा है। मुनस्यारी के लिए जौलजीबी-मदकोट मार्ग से वाहनों का संचालन हो रहा है। सब्जी, फल और राशन की आपूर्ति भी मदकोट-जौलजीबी सड़क से हो रही है। लोनिवि ने मुनस्यारी के गांवों को जोड़ने वाले पैदल मार्गों को खोलने के लिए मजदूर लगाए हैं। दर, बोंगलिंग, नागलिंग, दुग्तू, दांतू में तीन फीट तक बर्फ है। गुंजी, गर्ब्यांग, नाभी, कुटी में भी लोगों की दुश्वारियां बढ़ गई हैं।
विज्ञापन

भारी बर्फबारी के बाद पटरी पर लौटने लगी जिंदगी

पहाड़ों की रानी मसूरी में बर्फबारी से हो रही मुसीबतें फिलहाल कम होने लगी हैं। पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों की अगुवाई में लगातार चलाए गए अभियान के बाद मसूरी पेट्रोल पंप से लेकर गांधी चौक पर जमा बर्फ को हटाकर यातायात बहाल कर दिया गया है, लेकिन मसूरी पेट्रोल पंप से पिक्चर पैलेस चौक तक सड़क पर जमा बर्फ के ऊपर पाला पड़ने की वजह से यातायात व्यवस्था शुक्रवार देर शाम तक सुचारु नहीं हो पाई थी।

स्थिति सामान्य होने के साथ ही पुलिस ने छोटी गाड़ियां और दोपहिया वाहन को निकाला। हालांकि एहतियात के तौर पर पुलिस ने बसों व अन्य चार पहिया वाहनों को दो किलोमीटर पहले ही पेट्रोल पंप के पास ही रोक दिया। जिस वजह से सैलानियों के साथ स्थानीय लोगों को पैदल चलकर मसूरी आना पड़ा। रोडवेज की बसों की आवाजाही बंद होने की वजह से देहरादून जाने वाले यात्रियोें को बसें पकड़ने के लिए काफी नीचे जाना पड़ा। जहां बसाें के लिए काफी देर तक इंतजार भी करना पड़ा।

मसूरी सीओ एएस रावत ने बताया कि भारी बर्फबारी के कारण कुछ परेशानियां हुई हैं लेकिन पुलिस और नगर पालिका की मदद से सभी व्यवस्थाओं को दुरुस्त किया जा रहा है। जेसीबी से लोक निर्माण विभाग व पालिका के कर्मचारियों ने सड़कों पर जमी बर्फ  को हटाकर सड़कों को यातायात के लिए खोल दिया गया है।

मसूरी पेट्रोल पंप से पिक्चर पैलेस चौक पर सड़क पर जमे पाले के कारण वाहनों को संचालित करना मुश्किल हो रहा है फिर भी पुलिसकर्मी वाहनों को वहां से निकालकर उनके गंतव्य तक भेज रहे हैं। भारी बर्फबारी के कारण मसूरी-धनोल्टी मार्ग पर वाहनों की आवाजाही अभी शुरू नहीं की गई है। जेसीबी की मदद से सड़क को यातायात के लायक बनाया जा रहा है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें