भूस्खलन के खतरे को देखते हुए एसडीएम चतर सिंह चौहान ने यमुनोत्री धाम की यात्रा रोक कर सभी तीर्थयात्रियों को सुरक्षित स्थानों में ठहराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मार्ग सुरक्षित होते ही यमुनोत्री धाम में दोबारा आवाजाही शुरू करा दी जाएगी।
वहीं लोनिवि के साइट इंचार्ज रविंद्र चौहान ने बताया कि बिना बारिश के हो रहे इस भूस्खलन का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। जिस कारण अब वैकल्पिक भी जोखिम भरा हो गया है। भूस्खलन रुकने के बाद ही मार्ग खोलने का कार्य आरंभ किया जा सकेगा।
यात्रा रुकने पर तीर्थपुरोहितों ने जताई चिंता
हले लॉकडाउन और अब बार-बार हो रहे भूस्खलन के कारण चारधाम यात्रा प्रभावित होने पर यमुनोत्री धाम के तीर्थपुरोहितों ने चिंता जाहिर की है। प्यारेलाल उनियाल, चंद्रकांत उनियाल, कुलदीप उनियाल आदि पुरोहितों ने कहा कि चारधाम यात्रा ही स्थानीय लोगों की आर्थिकी का प्रमुख स्रोत है, लेकिन इस साल पहले लॉकडाउन और अब भिंडियालीगाड़ में हो रहे भूस्खलन ने यात्रा को प्रभावित कर दिया है। उन्होंने प्रशासन से भूस्खलन जोन के उपचार की मांग की है। साथ ही भूस्खलन का ट्रीटमेंट होने तक जल्द सुरक्षित वैकल्पिक मार्ग बनाने की मांग की।