उन्होंने कहा कि देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और प्रदेश में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश का हेल्थ सेक्टर बदल रहा है। होलिस्टिक हेल्थ कवरेज के लिए राज्य को एम्स के साथ ही एम्स का सेटेलाइट सेंटर भी दिया गया है। देश में आयुष्मान भारत हेल्थ इन्फ्रास्टक्चर मिशन चलाया जाता है। क्रिटिकल हेल्थ केयर के लिए 64 हजार करोड़ रूपये 05 साल में खर्च किए जाएंगे। एक जिले में औसत 100 करोड़ का खर्च इन्फ्रास्ट्रक्चर पर किया जा रहा है। उन्होंने प्रसन्नता व्यक्त की कि राज्य के टीबी मरीजों को किसी न किसी ने गोद लिया हुआ है।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि देश की जनता की आस्था से जुड़े चारधाम यात्रा के लिए राज्य सरकार अच्छा कार्य कर रही है। आगामी चारधाम यात्रा के लिए राज्य सरकार द्वारा स्वास्थ्य के क्षेत्र में जो अपेक्षा रखी गई है, हेल्थ सेक्टर में चारधाम के लिए राज्य को उनकी अपेक्षा से भी अधिक सहयोग मिलेगा। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री गणेश जोशी, सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, विधायक खजान दास, विनोद चमोली, प्रदीप बत्रा, सरिता आर्य, रेनू बिष्ट, मेयर सुनील उनियाल गामा, संयुक्त सचिव स्वास्थ्य, भारत सरकार विशाल चौहान, सचिव स्वास्थ्य आर राजेश कुमार भी मौजूद रहे।
सीएम धामी ने कहा, चार मोर्चों पर काम कर रही राज्य सरकार
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चार परियोजनाओं के शिलान्यास पर स्वास्थ्य मंत्री डाॅ. मनसुख मांडविया का आभार जताया। उन्होंने कहा कि सरकार ने राज्य में जन-स्वास्थ्य के बुनियादी ढांचे को सशक्त बनाने पर अपना ध्यान केंद्रित किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में प्रदेश में चार मोर्चों बीमारियों को रोकने के लिए जन-जागरूकता, गरीबों को सस्ता और प्रभावी इलाज, हेल्थ इन्फ्रास्टक्चर और हेल्थ केयर प्रोफेशनल्स की क्वान्टिटी और क्वालिटी में बढ़ोतरी और समस्याओं से पार पाने के लिए मिशन मोड पर काम पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
किडनी ट्रांसप्लांट अब आयुष्मान से
राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि केंद्र के लक्ष्य के सापेक्ष सबसे ज्यादा रक्तदान कराने वाला उत्तराखंड, देश का पहला राज्य है। राज्य में अभी तक 50 लाख 24 हजार अटल आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं। अब राज्य में किडनी ट्रांसप्लांट भी आयुष्मान कार्ड में कवर कर दिया है। प्रदेश में 91 प्रतिशत संस्थागत डिलीवरी हो रही है। प्रदेश में सरकार ने ईजा बोई योजना शुरू की है। जिसमें गर्भवती महिलाओं को 2000 रुपये पौष्टिक आहार के लिए दिया जाएगा। राज्य में 32 लाख लोगों की आभा आईडी बनकर तैयार हो चुकी है।