नदियों का जल स्तर बढ़ा
राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र ने बुलेटिन जारी किया है, उसमें सुबह उत्तरकाशी में भागीरथी नदी, बदरीनाथ में नंद केसरी में पिंडर नदी का जल स्तर खतरे के स्तर के पास पहुंचा हुआ था पर बाद में जल स्तर घटने लगा। अलकनंदा का जल स्तर स्थिर बना हुआ था। देवप्रयाग में गंगा का जल स्तर चेतावनी स्तर के पास पहुंच रहा था और उसका जल स्तर लगातार बढ़ रहा था। वहीं, आईएमडी ने 24 घंटे में बारिश के मद्देनजर देहरादून, उत्तरकाशी, पौड़ी गढ़वाल, टिहरी गढ़वाल, चमोली, अल्मोड़ा, नैनीताल, बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत और रुद्रप्रयाग में कम और मध्यम स्तर की बाढ़ को लेकर बुधवार की सुबह पांच बजकर तीस मिनट के लिए चेतावनी जारी की है।
राज्य में तीन एनएच समेत 106 मार्ग बंद
प्रदेश में 116 मार्ग बंद हैं। इनमें सबसे अधिक चमोली जिला प्रभावित है, यहां पर गोपेश्वर-चोपता मार्ग (एनएच-107 ए) बोल्डर आने से बंद हो गया। 24 सड़कें और भी बंद हैं। पिथौरागढ़ में 15 मार्ग बंद हैं, इनमें धारचूला-तवाघाट मार्ग (बीआरओ एनएच) भी बोल्डर आने से बंद हो गया है। न्यू सोबला-तिदांग मार्ग (बीआरओ एनएच) भी बंद है। इसके 12 अन्य मार्ग बंद हैं। इसके अलावा अल्मोड़ा में तीन, बागेश्वर 17, देहरादून 21, नैनीताल में दो सड़कें बंद हैं। पौड़ी गढ़वाल में छह, उत्तरकाशी तीन, रुद्रप्रयाग नौ और टिहरी में 15 रास्ते बंद हैं। बंद मार्ग को खोलने के लिए लोनिवि प्रयास कर रहा है।