भाजपा के प्रदेश प्रभारी दुष्यंत कुमार गौतम ने प्रदेश में नेतृत्व परिवर्तन के बाद पैदा हुई दो उपचुनाव की चुनौती के संबंध में कहा कि ये चुनौती हमें किसी ने दी नहीं, बल्कि ये हमने खुद स्वीकार की है।
उन्होंने कहा कि जनता हमें चाहती है, इसलिए हमने इन चुनौतियों को स्वीकारा है। प्रोटोकॉल, हेलिकॉप्टर विवाद और मुख्यमंत्री के बयानों पर गरमाई सियासत पर उन्होंने कहा कि कांग्रेस के पास चूंकि कोई मुद्दा नहीं है, इसलिए वह ऐसे मामलों को तूल दे रही है, जिनका कोई महत्व नहीं है। मुख्यमंत्री का बचाव करते हुए उन्होंने कहा कि उनके बयानों को व्यक्तिगत मानना चाहिए। वह कोरोना पीड़ित होने के बावजूद काम कर रहे हैं और जनहित से जुड़े निर्णय ले रहे हैं।
गौतम उत्तराखंड दौरे पर बुधवार को देहरादून पहुंचे। इस दौरान अमर उजाला ने उनसे संक्षिप्त बातचीत की। उन्होंने प्रदेश में भाजपा सरकार के चार साल के कार्यकाल को शानदार बताया। जब उनसे पूछा गया कि मुख्यमंत्री को बदलने की जरूरत क्यों पड़ी तो उनका कहना था कि भाजपा एक संगठन आधारित पार्टी है।
यहां नेतृत्व समय-समय पर कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी बदलता है। त्रिवेंद्र सिंह रावत के चार साल कार्यकाल उल्लेखनीय है। उन्होंने कई योजनाओं को शुरू किया। उन पर भ्रष्टाचार का एक भी आरोप नहीं है। वह एक अनुभवी राजनीतिज्ञ और संगठक हैं। उनकी जरूरत अब केंद्रीय संगठन में है। वह पहले भी केंद्र में जिम्मेदारी निभा चुके हैं।
जल्द घोषित होगा प्रत्याशी, भारी मतों से जीतेंगे सल्ट
गौतम ने कहा कि सल्ट विधानसभा उपचुनाव के लिए पार्टी जल्द प्रत्याशी घोषित कर देगी। केंद्रीय नेता पश्चिम बंगाल के चुनाव में व्यस्त हैं। जल्द प्रत्याशी की घोषणा हो जाएगी। उन्होंने दावा किया कि भाजपा भारी मतों से उपचुनाव जीतेगी। वह उपचुनाव की रणनीति पर मंथन करने के लिए देहरादून आए हैं।
मुख्यमंत्री चुनाव पर बोले, हमने स्वीकारी है चुनौती
मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत के भी उपचुनाव की चुनौती के प्रश्न पर उन्होंने कहा कि हमने विधानसभा और लोकसभा उपचुनाव की चुनौती को खुद स्वीकार किया है। ये चुनौती किसी ने हमें नहीं दी। ये पार्टी इसलिए कर पाई क्योंकि जनता हमें चाहती है। यही वजह है कि पार्टी के कई विधायक मुख्यमंत्री के सीट छोड़ने को तैयार हैं।
जहां कुंभ नहीं क्या वहां कोरोना नहीं
गौतम ने कहा कि कुंभ में कोविड 19 महामारी की रोकथाम को लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय की गाइडलाइन का पालन करते हुए लोग स्नान करेंगे। कुंभ के कारण कोरोना संक्रमण का खतरे के सवाल पर उन्होंने सवाल दागा कि जहां कुंभ नहीं है, क्या वहां कोरोना के मामले नहीं आ रहे हैं? उन्होंने कहा सभी लोग समझदार हैं और सभी को अपने स्वास्थ्य की चिंता है।