नामांकन : पहले, दूसरे और तीसरे चरण के लिए नामांकन प्रक्रिया 20 सितंबर 2019 से शुरू होकर 24 सितंबर 2019 तक चलेगी। इस बीच 22 सितंबर 2019 को नामांकन नहीं होंगे। नामांकन सुबह आठ बजे से शाम चार बजे तक कराए जा सकेंगे।
नामांकन पत्रों की जांच : नामांकन पत्रों की जांच का कार्य 25 सितंबर 2019 से 27 सितंबर 2019 तक चलेगा। इसका समय सुबह आठ बजे से कार्य समाप्ति तक रहेगा।
नाम वापसी : नामांकन पत्र वापस लेने की तारीख 28 सितंबर 2019 तय की गई है। सुबह आठ बजे से अपराहृन तीन बजे तक नाम वापस लिए जा सकेंगे।
सिंबल आवंटन : पहले चरण के चुनाव के लिए उम्मीदवारों को सिंबल का आवंटन 29 सितंबर 2019 को होगा। दूसरे चरण के लिए सिंबल आवंटन चार अक्टूबर 2019 को होगा, जबकि तीसरे चरण के लिए यह कार्य नौ अक्टूबर 2019 को होगा। सिंबल आवंटन का कार्य सुबह आठ बजे से शुरू होकर कार्य समाप्ति तक चलेगा।
मतदान : पहले चरण के लिए मतदान छह अक्टूबर, दूसरे चरण के लिए 11 अक्टूबर और तीसरे और आखिरी चरण का मतदान 16 अक्टूबर 2019 को कराया जाएगा। मतदान सुबह आठ बजे से शुरू होकर शाम पांच बजे तक चलेगा।
मतगणना/परिणाम : मतगणना 21 अक्टूबर 2019 को सुबह आठ बजे से शुरू हो जाएगी। इसके बाद कार्य समाप्ति तक मतणगना जारी रहेगी।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में इस बार पहली बार दो खास नियम शामिल रहेंगे। दो से ज्यादा बच्चों वाले दावेदारों को चुनाव से बाहर रहना होगा। सिर्फ दो या एक बच्चे वाले दावेदार ही चुनाव लड़ पाएंगे। इसके अलावा, विभिन्न पदों के लिए पहली बार उम्मीदवारों के लिए शैक्षिक योग्यता भी निर्धारित कर दी गई है। कुछ पदों के लिए आठवीं तो कुछ के लिए दसवीं पास होना अनिवार्य होगा।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए अधिसूचना जारी कर दी गई है। इसके साथ ही हरिद्वार जिले और नगरीय क्षेत्रों को छोड़कर बाकी सभी 12 जिलों में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है। चुनाव आचार संहिता मतगणना खत्म होने तक जारी रहेगी।
-चंद्रशेखर भट्ट, राज्य निर्वाचन आयुक्त, उत्तराखंड।
तीन बार टलने के बाद हरिद्वार को छोड़कर 12 जिलों में 31 अगस्त को त्रिस्तरीय पंचायतों का आरक्षण तय हो पाया। जिलों के स्तर पर तय किए आरक्षण का अंतिम प्रकाशन कर दिया है। तय कार्यक्रम के हिसाब से प्रदेश में ग्राम, क्षेत्र और जिला पंचायतों में आरक्षण की सूची का अनंतिम प्रकाशन 17 अगस्त को किया जाना था।
ऐन वक्त पर तय किया गया कि सूची का प्रकाशन 20 अगस्त को किया जाएगा। 20 अगस्त को भी सूची का प्रकाशन नहीं हो पाया और शासन ने 22 अगस्त को सूची के प्रकाशन का फैसला किया। इसके बाद चौथी बार 31 अगस्त को यह जारी किया गया। वहीं मामला हाईकोर्ट तक पहुंचा तो सरकार ने हाईकोर्ट को 30 नवंबर, 2019 तक हर चुनाव करा लेने का भरोसा दिलाया था।
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के लिए नामांकन पत्रों की बिक्री का काम 16 सितंबर से शुरू हो जाएगा। राज्य निर्वाचन आयोग के स्तर पर की गई अधिसूचना के अनुसार, ग्राम पंचायत सदस्य, प्रधान, क्षेत्र पंचायत सदस्य पदों के लिए ब्लाक मुख्यालय और जिला पंचायत सदस्य पद के लिए जिला पंचायत मुख्यालय में नामांकन पत्रों की बिक्री होगी। नामांकन पत्रों की बिक्री 16 से 23 सितंबर तक कार्यालय समय में होगी। 24 सितंबर को अपराहृन तीन बजे तक नामांकन पत्रों की बिक्री होगी।
तीसरे चरण में सबसे कम ब्लाकों में होगा मतदान
राज्य निर्वाचन आयोग ने चुनाव का जो कार्यक्रम जारी किया है, उसमें तीसरे चरण में सबसे कम 28 ब्लाकों में मतदान होगा। सबसे ज्यादा 31 ब्लाकों में दूसरे चरण का मतदान रखा गया है, जबकि पहले चरण में 30 ब्लाकों को कवर किया गया है।
निर्वाचन आयोग ने पहले चरण में चंपावत और ऊखीमठ ब्लाक के सिर्फ एक-एक ब्लाक को लिया है, जबकि सबसे ज्यादा अल्मोड़ा जिले में चार ब्लाकों में मतदान होगा। दूसरे चरण में बागेश्वर और रुद्रप्रयाग जिले के एक एक ब्लाक में मतदान होगा। चंपावत, बागेश्वर और रुद्रप्रयाग जिले में आखिरी चरण में एक एक ब्लाक में मतदान रखा गया है।