फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

उत्तराखंड: सैय्यद नदीम को मिली खानकाह आलिया कादिरिया बदायूं की खिलाफत, ऐतिहासिक धरोहरें भी शामिल

Fri, 30 Jul 2021 01:11 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal पंकज पाठक, अमर उजाला, पिथौरागढ़

सार

हजरत अब्दुल हमीद सालिमुल कादरी का 84 साल की उम्र में बीती नौ मई को इंतकाल हुआ था। उससे कुछ समय पूर्व उन्होंने अपने दामाद सिनेमा लाइन पिथौरागढ़ निवासी सैय्यद नदीम (48) को खिलाफत सौंपी थी।
विज्ञापन
सैय्यद मोहम्मद नदीम - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सूफी विचारधारा से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता सैय्यद मोहम्मद नदीम को खानकाह आलिया कादिरिया बदायूं (यूपी) की खिलाफत मिली है। खानकाह के सज्जादानशीन हजरत अब्दुल हमीद सालिमुल कादरी ने सैय्यद नदीम को अपना 11वां खलीफा घोषित किया है।

विज्ञापन


खिलाफत में उन्हें सदियों पुरानी बेशकीमती और ऐतिहासिक मजहबी धरोहरें भी मिलीं हैं, जिन्हें जल्द ही पिथौरागढ़ लाया जाएगा। यहां लोग पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की बेटी बीबी फातिमा की 1400 साल पुरानी चादर का दीदार भी कर सकेंगे।

हजरत अब्दुल हमीद सालिमुल कादरी का 84 साल की उम्र में बीती नौ मई को इंतकाल हुआ था। उससे कुछ समय पूर्व उन्होंने अपने दामाद सिनेमा लाइन पिथौरागढ़ निवासी सैय्यद नदीम (48) को खिलाफत सौंपी थी। सैय्यद नदीम ने संवाद न्यूज एजेंसी को फोन पर बताया कि खानकाह कादिरिया बदायूं का इतिहास 800 साल पुराना है, जो मारैहरा जिला एटा के बाद देश की सबसे पुरानी खानकाह है।

विज्ञापन
विज्ञापन

विरासत में कुछ बेशकीमती और मजहबी धरोहरें मिलीं

उन्हें विरासत में कुछ बेशकीमती और मजहबी धरोहरें मिलीं हैं, जिन्हें अगस्त के प्रथम सप्ताह में पिथौरागढ़ लाया जाएगा, जिनमें खासतौर पर काबा शरीफ (मक्का, सऊदी अरब) का डेढ़ सौ साल से ज्यादा पुराना गिलाफ, पैगंबर हजरत मोहम्मद साहब की बेटी हजरत फातिमा अल जाहरा की 1400 साल पुरानी चादर, बगदाद स्थित हजरत गौस पाक की मजार का गिलाफ, करबला (इराक) की मिट्टी, 200 साल पुराने दुनिया के सबसे छोटे कुरान की प्रतिलिपि (अंतरराष्ट्रीय बाजार मूल्य अनुमानित 1.5 करोड़), 18वीं सदी के दुनिया के बड़े कुरान में से एक कुरान की प्रतिलिपि मिली है। 

इनके अलावा 19वीं सदी का भारत का पहला उर्दू अनुवाद में कुरान, मदीना (सऊदी अरब) से आई 150 साल पुरानी कौड़ी (सीप), जिस पर अरबी में कुदरती कलमा लिखा है, भी शमिल हैं। धार्मिक महत्ता के साथ ही अंतरराष्ट्रीय बाजार में इनकी कीमत करोड़ों रुपये है। सैय्यद नदीम पूर्व जिला स्काउट मास्टर स्व. सैय्यद अब्दुल कुद्दूस के बेटे हैं। धार्मिक महत्व की इन सभी चीजों को पिथौरागढ़ के सिनेमा लाइन स्थित आवास पर रखा जाएगा।

पिथौरागढ़ जिले के लिए यह बड़ी उपलब्धि है। इससे यहां का धार्मिक महत्व और बढ़ जाएगा। अगस्त के प्रथम सप्ताह में ये सभी धरोहरें पिथौरागढ़ लाई जाएंगी, जो दर्शन के लिए पुरानी बाजार जामा मस्जिद में रखी जाएंगी। साल में एक बार इनका दीदार कराया जाएगा।
-सैय्यद मोहम्मद नदीम
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें